LUCKNOW:PM मोदी करेंगे 25 नवंबर को रामलला के दरबार में ध्वजारोहण ,होगा राम मंदिर निर्माण पूरा होने का ऐलान,क्लिक करें और भी खबरें

  • REPORT BY:K.K.VARMA || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ । अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण अपने अंतिम चरण में है,ऐतिहासिक पल आने वाला है। 25 नवंबर को अयोध्या में राम मंदिर के शिखर पर 21 फुट ऊंची धर्म ध्वजा फहराएंगे। ध्वजारोहण समारोह के साथ मंदिर का निर्माण आधिकारिक तौर पर पूरा होगा।श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा ऐतिहासिक महत्व रखता है। उन्होंने कहा कि इस ध्वजारोहण समारोह के माध्यम से प्रधानमंत्री मोदी यह संदेश देंगे कि सदियों पुराना आस्था का स्वप्न अब साकार हो गया है। प्रधानमंत्री मोदी ने वर्षों पहले संकल्प लिया था कि जब तक राम मंदिर का निर्माण कार्य शुरू नहीं होता, वे अयोध्या में कदम नहीं रखेंगे।अब जब यह सपना साकार हो चुका है, वे स्वयं वहां जाकर ध्वज फहराकर ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनेंगे। कार्यक्रम राम विवाह पंचमी के शुभ अवसर पर होगा, जो 5 अगस्त 2020 को हुए भूमि पूजन और 22 जनवरी 2024 को हुए रामलला प्राण प्रतिष्ठा समारोह के बाद एक और बड़ा अध्याय होगा। मंदिर का मुख्य निर्माण लगभग पूरा हो चुका है।बाहरी दीवारों का काम अंतिम चरण में है, शेषावतार मंदिर, सप्त मंडपम और पुष्करिणी पवित्र सरोवर का कार्य पूर्ण हो गया है। श्रद्धालुओं के लिए जूता-रैक सुविधा भी तैयार की जा रही है, जो नवंबर तक पूरी हो जाएगी।मैंने पीएम मोदी के साथ 5-6 वर्षों तक काम किया है। इस विवाद को सुलझाने और मंदिर के लिए भूमि सुनिश्चित कराने में उनकी कितनी गहरी भूमिका रही है।उन्होंने हर निर्णय पर ध्यान दिया ताकि न्यायिक प्रक्रिया सुचारू रूप से चले और मंदिर निर्माण में कोई विलंब न हो।मुख्य कार्यक्रम से पहले 21 से 25 नवंबर तक पांच दिवसीय वैदिक अनुष्ठान होंगे, जिनमें अयोध्या और काशी के विद्वान संत-पुरोहित शामिल होंगे।

सीएम योगी ने अयोध्या विस्फोट पर जताया शोक, जांच के दिये आदेश

 प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में हुए दर्दनाक हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है।पूराकलंदर थाना क्षेत्र के पगला भारी गांव में हुए एक भीषण धमाके से एक मकान ढह गया, जिसमें पांच लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा,अयोध्या की दुर्घटना अत्यंत दुखद है। प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति, परिजनों को यह दुख सहन करने की शक्ति और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्राप्त हो। पुलिस, एसडीआरएफ और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंच गईं और राहत-बचाव कार्य शुरू किया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गौरव ग्रोवर के अनुसार प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई गई है कि धमाका किचन में गैस लीकेज या प्रेशर कुकर फटने से हुआ हो सकता है।
फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर नमूने एकत्र किए हैं। प्रारंभिक जांच में किसी विस्फोटक पदार्थ के इस्तेमाल के संकेत नहीं मिले हैं। जिलाधिकारी निखिल टी ने बताया कि हादसे के सही कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच के आदेश दे दिए गए हैं। मृतकों के परिवारों को प्रशासन की ओर से आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद दी जाएगी।

सीजेआई पर हमले के विरोध में ‘आप’ का प्रदर्शन,बीजेपी की नफरत की राजनीति का नतीजा है मुख्य न्यायाधीश पर हमला-विनय पटेल

मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई जी पर सुप्रीम कोर्ट के अंदर किए गए हमले के खिलाफ आम आदमी पार्टी यूपी प्रभारी सांसद संजय सिंह के निर्देश पर शुक्रवार को उत्तर प्रदेश के सभी जिलों में जोरदार विरोध प्रदर्शन हुआ। लखनऊ में अयोध्या प्रांत अध्यक्ष विनय पटेल की उपस्थिति में और जिला अध्यक्ष इरम रिजवी के नेतृत्व में स्वास्थ्य भवन चौराहे पर जबर्दस्त विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में आप कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए और सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस प्रशासन के बीच धक्का-मुक्की हुई जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ़्तार कर इको गार्डन भेज दिया। अयोध्या प्रांत अध्यक्ष विनय पटेल ने कहा कि मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई जी पर सुप्रीम कोर्ट के अंदर किया गया हमला बीजेपी की नफरत की राजनीति का नतीजा है। विनय पटेल ने कहा कि जिस तरह से सीजेआई के गले में हांडी बांधने के वीडियो बन रहे हैं, वह इस बात का सबूत है कि मोदी सरकार दलितों को पुराने युग में धकेलना चाहती है। पूरा देश इस बात से स्तब्ध है कि मुख्य न्यायाधीश पर हमला करने वाला व्यक्ति खुलेआम कह रहा है कि उसे अपने कृत्य पर कोई अफसोस नहीं है, फिर भी उसके खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। आम आदमी पार्टी की ओर से विनय पटेल ने मांग की कि मुख्य न्यायाधीश पर जूता फेंकने का प्रयास करने वाले शख्स को तुरंत गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ सोशल मीडिया पर अपमानजनक वीडियो और आपत्तिजनक टिप्पणियां करने वाली ट्रोल आर्मी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।मुख्य प्रवक्ता वंशराज दुबे ने घटना को मुख्य न्यायाधीश पर हमला नहीं बल्कि भारत के संविधान, बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के सपनों और भारत की आत्मा पर हमला बताया है। इस मौक़े पर लखनऊ जिलाध्यक्ष इरम रिजवी ने जोर देकर कहा कि इस देश के सर्वोच्च न्यायिक पद पर एक दलित के बेटे का बैठना बीजेपी और उसके नफरती तंत्र को बर्दाश्त नहीं हो रहा है, और यही कारण है कि इस जघन्य कृत्य और उसके बाद सोशल मीडिया पर सीजेआई के खिलाफ फैलाए जा रहे घृणित अपमान को लेकर सरकार खामोश है । आरएसएस और बीजेपी दलितों, पिछड़ों, आदिवासियों और मुसलमानों से नफ़रत करती है। मुख्य न्यायाधीश की माँ को आरएसएस ने अपने कार्यक्रम में बुलाया, उन्होंने जाने से मना कर दिया, नतीजतन, एक साज़िश के तहत मुख्य न्यायाधीश पर ये हमला कराया गया ।इस दौरान अयोध्या प्रांत महासचिव अतुल सिंह, विधि प्रकोष्ठ प्रदेश अध्यक्ष प्रखर श्रीवास्तव, बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ प्रदेश अध्यक्ष बी एन खरे, अंकित परिहार, ललित वाल्मीकि,मनोज मिश्रा, रानी कुमारी,अभिषेक सिंह, ज्ञान सिंह, अनित रावत, अंशुल यादव, पीके बाजपेई, पवन वर्मा सहित तमाम साथी मौजूद रहे।

वंचित और असहाय वर्ग उम्मीद थे ‘नेताजी’

मुंबई स्थित सीएसटी बोरा बाजार में समाजवादी पार्टी के संस्थापक पूर्व मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश एवं पूर्व रक्षामंत्री भारत सरकार मुलायम सिंह यादव की तृतीय पुण्यतिथि मनाई गई ।इस दौरान अहवेश कुमार यादव चीफ पैट्रन ऑल इंडिया ओबीसी रेलवे एम्पलाइज एसोसिएशन सेंट्रल रेलवे मुंबई ने कहा कि नेताजी मुलायम सिंह यादव हर समय गरीबों, मजदूरों, किसानों,और नौजवानों के हक और न्याय, सामाजिक उत्थान, शिक्षा के लिए लड़ाई लड़ते रहे।उन्होंने  रक्षा मंत्री रहते हुए चीन को मुंहतोड़ जवाब दिया था और हथियाई हुई भारतीय भूमि को वापस देश में मिलाने का कार्य किया। उन्होंने देश के आर्मी के नौजवानों के लिए महत्वपूर्ण काम किया थे ।इस दौरान लालू यादव इंद्रेश कुमार कमलेश राम लखन यादव शिव शंकर सचिन ज्ञानचंद छोटेलाल विश्वकर्मा आरडी यादव दिनेश आदि लोग उपस्थित थे।

नई दिल्ली में यूपी ईको टूरिज्म डेवलपमेंट बोर्ड का ग्लोबल वाइल्डलाइफ फेयर शुरू

उत्तर प्रदेश ईको टूरिज्म डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा प्रायोजित ‘ग्लोबल वाइल्डलाइफ फेयर’ में प्रदेश के जंगलों, वन्यजीवों और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों ने देश-विदेश से आए आगंतुकों को आकर्षित किया। दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में आज से तीन दिवसीय तक हो रहे फेयर की थीम ‘प्रकृति, मानव और वन्यजीव के बीच सामंजस्य’ है। फेयर में इको टूरिज्म स्टॉल पर दुधवा टाइगर रिजर्व, पीलीभीत टाइगर रिजर्व सहित राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों और ईको-फ्रेंडली आवासीय सुविधाओं को प्रदर्शित किया गया है। यह जानकारी उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने दी। पर्यटन मंत्री ने बताया कि फेयर में यूपी इको टूरिज्म बोर्ड के स्टॉल पर राज्य की जैव विविधता वाले क्षेत्रों, इको-टूरिज्म सर्किटों और सतत पर्यटन पहलों की जानकारी दी जा रही है। दुधवा टाइगर रिजर्व में बाघ, गैंडा, हाथी, बारहसिंघा और घड़ियाल जैसे दुर्लभ वन्यजीवों की उपस्थिति ने आगंतुकों को विशेष रूप से आकर्षित किया। प्रकृति, मानव और वन्यजीव के बीच सामंजस्य’ थीम पर आधारित तीन दिवसीय आयोजन में मुख्य भाषणों, पर्यटन प्रदर्शनियां, कार्यशालाएं, छात्र सत्र और फिल्म प्रदर्शनियां आदि शामिल हैं, जिनका उद्देश्य जिम्मेदार पर्यटन और संरक्षण सहयोग को बढ़ावा देना है। यह आयोजन 25 से अधिक देशों के संरक्षण विशेषज्ञों, इको-टूरिज्म संचालक, शोधकर्ताओं और प्रकृति प्रेमियों को एक साथ लाएगा। राज्य की ओर से गुलमोहर ईको विलेज रिसॉर्ट बांदा, द कतर्निया सराय और दुधवा निर्वाणा रिट्रीट जैसी प्रमुख ईको प्रॉपर्टीज़ के प्रतिनिधि भी फेयर में उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। यह आयोजन उत्तर प्रदेश पर्यटन नीति-2022 और इको पर्यटन के प्रति बढ़ती प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करता है।उत्तर प्रदेश के पर्यटन मंत्री ने बताया कि राज्य में ईको पर्यटन की असीम संभावनाएं हैं। यहां के पर्यटन आकर्षणों की विश्व में अपनी विशिष्टता है। ग्लोबल वाइल्डलाइफ फेयर के माध्यम से विभिन्न देशों से आने वाले आगंतुकों को उत्तर प्रदेश के समृद्ध प्राकृतिक व पर्यटन स्थलों से परिचित कराया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक पर्यटक यूपी घूमने के लिए आकर्षित हों।

स्वामी हरिदास की स्मृति में अंतर्राष्ट्रीय संगीत समारोह के आयोजन पर सहमति

उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कलाकारों के प्रस्ताव पर संगीत सम्राट तानसेन के गुरू स्वामी हरिदास की स्मृति में अगले वर्ष 2026 के फरवरी अथवा मार्च के महीने में तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगीत समारोह आयोजित किए जाने पर सैद्धान्तिक सहमति बनी। इस प्रकरण पर विस्तार से विचार-विमर्श करके शासन स्तर से निर्णय लिया जाएगा। पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह आज गोमती नगर स्थित पर्यटन भवन में राज्य स्तरीय कमेटी की अध्यक्षता करते हुए कहा कि स्वामी हरिदास जी प्रसिद्ध संगीतज्ञ थे। उन्होंने श्रीकृष्ण की भक्ति में अपना सम्पूर्ण जीवन समर्पित कर दिया था। विभिन्न राज्यों में स्वामी हरिदास समारोह का आयोजन किया जाता है और उनके नाम पर पुरस्कार भी दिया जाता है। पद्मश्री लोक गायिका मालिनी अवस्थी ने इस बैठक में हरिदास समारोह आयोजन करने की आवश्यकता एवं रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने मंत्री को अवगत कराया कि लखनऊ में तीन दिन तक चलने वाले हरिदास समारोह में उदीयमान कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर प्राप्त होगा। स्वामी हरिदास समारोह मथुरा के विभिन्न तीर्थ स्थलों के अलावा मथुरा के घाटों, रंगबिहारी मंदिर, वृंदावन, बरसाना आदि जगहों पर पर कराया जाएगा। अच्छा प्रदर्शन करने वाले लोक कलाकारों को  सम्मानजनक पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। उभरते हुए युवा कलाकारों को जोड़ते हुए गुरू-शिष्य परंपरा को भी रेखांकित किया जाएगा। इस अवसर पर प्रमुख सचिव, पर्यटन एवं संस्कृति तथा धर्मार्थ कार्य अमृत अभिजात मौजूद थे। पर्यटन मंत्री की अध्यक्षता में गठित राज्य स्तरीय कमेटी के सदस्यों द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव पर सैद्धान्तिक सहमति बन गई है। शीघ्र ही इसका परीक्षण कराकर यथोचित निर्णय लिया जाएगा। इस अवसर पर पर्यटन सलाहकार जेपी सिंह, अपर निदेशक संस्कृति डॉ सृष्टि धवन के अलावा प्रसिद्ध लोक गायिक मालिनी अवस्थी, संगीत नाटक अकादमिक के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष डॉ पूर्णिमा पांडेय, पूर्व कुलपति बीएसएस विनोद कुमार, द्रुपद गायक एवं अन्य जाने माने शास्त्रीय संगीत गायक उपस्थित थे।

खादी भवन में माटीकला महोत्सव का शुभारंभ

खादी भवन में प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, खादी, हथकरघा एवं वस्त्र मंत्री राकेश सचान ने माटीकला महोत्सव 2025 का शुभारंभ किया। इस अवसर पर माटीकला बोर्ड द्वारा विकसित नवीन माटीकला पोर्टल एवं ई-वेरिफिकेशन मोबाइल एप का भी लोकार्पण किया गया। 10 कारीगरों को निःशुल्क विद्युत चालित चाक, 2 कारीगरों को पगमिल मशीन एवं 2 लाभार्थियों को बैंकों से स्वीकृत ऋण के चेक वितरित किए गए। दीपावली के शुभ अवसर पर आरंभ हुए इस 10 दिवसीय महोत्सव में विभिन्न जनपदों से आए कारीगरों की 50 निःशुल्क दुकानें लगाई गई हैं, जिनमें पारंपरिक और आधुनिक माटीकला उत्पाद आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।मंत्री  ने बताया कि प्रदेश में माटी का प्रयोग कर मूर्तियां, खिलौने, बर्तन, इत्यादि गृह उपयोगी एवं कलात्मक वस्तुएं बनाने का प्रचलन सदियों से रहा हैं। आज भी प्रदेश में पर्याप्त संख्या में माटीकला शिल्पकार इस परम्परागत उद्योग में लगे हुए हैं। माटीकला के अन्तर्गत निर्मित वस्तुओं को बढ़ावा देने एवं परम्परागत उद्योगों को नवाचार के माध्यम से संरक्षित एवं संवर्धित करते हुए, अधिकाधिक कारीगरों को रोजगार से जोड़ने के लिए 19 जुलाई, 2018 को माटीकला बोर्ड की स्थापना की गई थी।  अब तक 48,048 कारीगर परिवारों की पहचान की जा चुकी है तथा 37,190 कारीगरों को मिट्टी की निकासी हेतु पट्टा आवंटित किया गया है। बोर्ड द्वारा अब तक 15,932 विद्युत चालित चाक और 375 पगमिल मशीनें वितरित की जा चुकी हैं। इस वित्तीय वर्ष में 2,500 चाक और 300 पगमिल वितरण का लक्ष्य है। इसके साथ ही 603 जोड़ी पीओपी डाई, 31 पेंटिंग मशीनें और 81 दीया मशीनें कारीगरों को दी गई हैं। मुख्यमंत्री माटीकला रोजगार योजना के अंतर्गत पिछले छह वर्षों में 1,114 लाभार्थियों को ऋण स्वीकृत कर उद्योग इकाइयों की स्थापना कराई गई है। इस वर्ष 300 नई इकाइयों की स्थापना का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। वहीं राज्य में 6 कॉमन फैसिलिटी सेंटर  स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि अमेठी, बरेली और बिजनौर में 3 नए सीएफसी की स्थापना प्रक्रिया में हैं। प्रशिक्षण योजना के तहत 16,307 लाभार्थियों को तकनीकी प्रशिक्षण, 1,114 को उद्यम संचालन और 6,786 को शिल्पकारी प्रशिक्षण प्रदान किया गया है।उद्घाटन समारोह में माटीकला बोर्ड के महाप्रबंधक शिशिर, नोडल अधिकारी संजय कुमार पांडे सहित खादी ग्रामोद्योग बोर्ड और माटीकला बोर्ड के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

अवध बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने नेताजी को अर्पित की श्रद्धांजलि

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और देश के पूर्व रक्षामंत्री पद्म विभूषण स्व.मुलायम सिंह यादव को उनकी पुण्यतिथि पर अवध बार एसोसिएशन हाई कोर्ट लखनऊ के अधिवक्ताओं ने विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की।इस अवसर पर वरिष्ठ अधिवक्ता आई.पी. सिंह , एस.सी. यादव,अवध बार एसोसिएशन के महासचिव ललित तिवारी, संदीप यादव, सिराज अहमद खान, मोहम्मद रजा खान, उमेश प्रताप यादव, सुरेश पांडे,  श्रीकांत यादव, रविंद्र यादव, विजेंद्र सिंह, राम जनक, विजय बहादुर, लालजी यादव, मायाराम कर्मवीर यादव, डी के मिश्रा, रणविजय सुनील वर्मा, रश्मि खान, स्वतंत्रलता यादव, राजेंद्र जायसवाल, सुरेंद्र यादव, दिग्विजय सिंह, अजहर खान, आदेश, मुलायम, अखिलेश, ललित नारायण तिवारी, अंकुर, राकेश यादव, श्याम बिहारी, सी. पी सिंह, प्रसून, मोनू, आलोक वर्मा, दिनेश सिंह, आदि सैकड़ो अधिवक्ता उपस्थित रहें।वही दूसरी तरफ अधिवक्ता संतोष यादव के नेतृत्व में सैकड़ों सपा अधिवक्ता सभा के लोगों नें  गोरखपुर में नेताजी मुलायम सिंह यादव की तृतीय पुण्यतिथि गोरखपुर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत स्थिति ग्राम सभा बड़गो में जिला उपाध्यक्ष समाजवादी पार्टी सन्तोष कुमार यादव एडवोकेट के नेतृत्व में श्रद्धेय नेता जी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्प अर्पित किया गया और नेता जी के विचारों, सिद्धांतों पर चलने का संकल्प लिया गया।इस अवसर पर बब्लू यादव, सीता भारती , संजय सिंह यादव, विशाल रियाजूल रूदल, अनिल कुमार, मोहम्मद इसराइल, राजेश यादव, रमेश यादव, रविन्द्र यादव आदि ग्राम वासी उपस्थित थे।

सक्षम सेंटर बने महिला सशक्तिकरण का आधार,आर्थिक आत्मनिर्भरता की खुली नयी राह

प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के मार्गदर्शन मे राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर व स्वावलंबी बनाने की अभिनव प्रयास किया जा रहे हैं। स्वयं सहायता समूहो से जुड़ी महिलाओ को  विभिन्न गतिविधियों से जोड़कर उन्हें आर्थिक, शैक्षिक व सामाजिक रूप से सशक्त व मजबूत बनाया जा रहा है। सीएलएफ स्तर पर सक्षम सेंटरो की स्थापना की जा रही है। “सक्षम सेंटर ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक मील का पत्थर सिद्ध हो रहे हैं। इन केंद्रों के माध्यम से महिलाएँ न केवल आत्मनिर्भर बन रही हैं, बल्कि अपने परिवार और समुदाय को भी आर्थिक रूप से सशक्त बना रही हैं।”महिला सशक्तिकरण एवं वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत प्रदेश के सीएलएफ यानि क्लस्टर लेबल फेडरेशन स्तर पर “सक्षम सेंटर” की स्थापना की जा रही है।
अब तक प्रदेश में लगभग 1900 सक्षम सेंटर स्थापित किए जा चुके हैं। इन सेंटरों के प्रभावी संचालन हेतु 4695 फाइनेंशियल लिटरेसी कम्यूनिटी  रिसोर्स पर्सन की नियुक्ति की गई है, जो ग्रामीण महिलाओं को वित्तीय, डिजिटल एवं उद्यमिता संबंधी प्रशिक्षण प्रदान कर रही हैं।सक्षम सेंटरों का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को वित्तीय साक्षरता, बैंकिंग सेवाओं की पहुँच, सरकारी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की जानकारी, डिजिटल लेनदेन, स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ना है। इन सेंटरों के माध्यम से प्रशिक्षित महिलाएँ अपने समुदाय में बीसी सखी, डिजिटल सेवा प्रदाता एवं सूक्ष्म उद्यमी
आदि के रूप में कार्य कर रही हैं, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था में सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिल रहा है। इस अभिनव प्रयास से प्रदेश की हजारों महिलाएँ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर, जागरूक एवं सशक्त बन रही हैं। सक्षम सेंटर न केवल प्रशिक्षण के केंद्र हैं, बल्कि महिलाओं के आत्मविश्वास और स्वावलंबन की दिशा में एक ठोस कदम साबित हो रहे हैं। मिशन निदेशक दीपा रंजन ने बताया कि आगामी समय में प्रदेश के सीएलएफ स्तरों पर सक्षम सेंटरों की स्थापना, एफएलएलसीआरपी की तैनाती किये जाने की दिशा मे कार्य किया जा रहा है, जिससे वित्तीय समावेशन और अधिक गति प्राप्त करेगा तथा ग्रामीण महिलाएँ नए भारत की सशक्त भागीदार बनेंगी।

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने सम्भल कल्कि महोत्सव में किया प्रतिभाग

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने आज संभल में आयोजित  कल्कि महोत्सव,विकासोत्सव 2025 में बतौर मुख्य अतिथि भाग लिया। उन्होंने कहा कि यह आयोजन न केवल सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक है बल्कि विकास, स्वच्छता और जनभागीदारी के नए युग की शुरुआत का संदेश भी देता है। श्री शर्मा ने लगभग 25 करोड़ रुपये की लागत से नगर विकास एवं ऊर्जा विभाग की कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं के अंतर्गत निर्बाध विद्युत आपूर्ति,नाली निर्माण, पेयजल पाइपलाइन, स्ट्रीट लाइट, एवं स्वच्छता से जुड़ी अधोसंरचना शामिल हैं। इन योजनाओं से संभल जिले के नागरिकों को निर्बाध बिजली, बेहतर स्वच्छता व्यवस्था और शहरी सुविधाओं में बड़ी राहत मिलेगी।उन्होंने इस अवसर पर ‘जीरो वेस्ट’ पर आधारित संभल कल्कि महोत्सव,विकासोत्सव 2025 के लोगो का अनावरण किया। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम प्रदेश में स्वच्छता और सतत विकास की दिशा में नई सोच को प्रतिबिंबित करता है। उन्होंने बताया कि “जीरो वेस्ट महोत्सव” का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कार्यक्रम से निकलने वाला कोई भी अपशिष्ट पुनर्चक्रण या पुनः उपयोग से बाहर न जाए। उन्होंने जनता से अपील की कि वे स्वच्छता अभियान को केवल सरकारी नहीं बल्कि जनआंदोलन के रूप में अपनाएं।इस दौरान नगर विकास मंत्री ने नगर पालिका परिषद सम्भल द्वारा सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट के अंतर्गत क्रय किए गए स्वच्छता वाहनों को दिखाई। श्री शर्मा ने स्वच्छता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 20 सफाई मित्रों को ‘वोकल फॉर लोकल’ थीम पर आधारित स्थानीय उत्पाद भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि सफाई मित्र हमारे समाज के सच्चे नायक हैं, जो शहरों को स्वच्छ और स्वस्थ बनाए रखने में दिन-रात कार्यरत हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को उनके नए मकानों की चाभियां सौंपते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का संकल्प है हर गरीब का उसका अपना घर हो। सरकार गरीबों, किसानों और आम नागरिकों के जीवन में बदलाव लाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है और उत्तर प्रदेश सरकार पूरे प्रदेश सहित संभल के समग्र विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। विकास का लाभ गांव-गांव, गली-गली और हर घर तक पहुंचाना ही डबल इंजन के सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने उपस्थित जन समूह को स्वच्छता, आत्मनिर्भरता और वोकल फॉर लोकल का संकल्प दिलाया।  जिला प्रशासन की सराहना करते हुए बताया कि  86 हेक्टेयर भूमि को अनाधिकृत कब्जे से मुक्त कराया गया है, जो एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि ऐसी कार्यवाहियां शासन की पारदर्शिता, जवाबदेही और जनहित के प्रति गंभीरता को दर्शाती हैं।कार्यक्रम में डीएम डा. राजेंद्र पैंसिया,सीडीओ गोरखनाथ भट्ट,पूर्व विधायक एवं मंत्री अजीत कुमार,पूर्व एमएलसी परमेश्वर लाल सैनी अन्य जनप्रतिनिधि नगर पालिका एवं विद्युत विभाग के अधिकारी, सफाई कर्मी, स्वयंसेवी संस्थाएं, महिला समूह एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

समस्याओं का निस्तारण न होने से परिवहन निगम के कर्मचारियों में रोष

उत्तर प्रदेश परिवहन निगम का संगठन सेंट्रल रीजनल वर्कशॉप कर्मचारी संघ, उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद  कर्मचारियों की समस्याओं का निदान न होने पर नाखुश हैं। कर्मचारियों की समस्याओं पर मुख्य सचिव स्तर पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है जिससे उत्तर प्रदेश के कर्मचारियों में कुंठा का भाव उत्पन्न होने के साथ घोर आक्रोश व्याप्त है। प्रदेश अध्यक्ष जेएन तिवारी द्विपक्षीय वार्ता के माध्यम से समस्याओं के निस्तारण में विश्वाश रखते है
लेकिन नतीजा शिफर है।उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के कर्मचारी उत्पीड़ित है,शोषित है कोई सुनने वाला नहीं,विगत लगभग दो से तीन वर्ष में परिवहन निगम घाटे में चला जा रहा है,छोटे कर्मचारी भ्रष्टाचार के आगोश में समा चुके है। एक जिंदा सार्वजनिक उद्यम बंदी की ओर बढ़ रहा है। सेंट्रल रीजनल वर्कशॉप कर्मचारी संघ उत्तर प्रदेश यह बर्दाश्त नहीं करेगा।डग्गामार वाहनों को खुली छूट है,मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश के आदेशों को परिवहन विभाग पुलिस जिला प्रशासन सुनता नहीं।परिवहन निगम के अधिकारी कमाई में लगे है। परिवहन निगम की संपतियों को बेचने की साजिश है,90 वर्षों की लीज पर बस स्टेशन दिए जा रहे है ,कर्मचारी से लेकर अधिकारी आउट सोर्स से है उनकी कितनी जिम्मेदारी होगी जब निगम समाप्त होगा क्योंकि इन आउट सोर्स अधिकारियों के पास कोई अनुभव नहीं है। हमारी मांग है कि परिवहन निगम में  एसआईटी गठित कर परिवहन निगम की बरबादी की जांच की जाय और दोषियों पर कार्यवाही हो।

Aaj National

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