- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ:अवैध पटाखा फैक्ट्रियों एवं गोदामों में विस्फोट की घटनाओं की रोकथाम के लिए डीजीपी राजीव कृष्णा के सख्त निर्देश के बाद प्रदेश भर में एक विशेष अभियान चलाया गया ।इसको लेकर अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था अभिताभ यश ने सभी जोनल अपर पुलिस महानिदेशक व पुलिस आयुक्त, परिक्षेत्रीय, पुलिस महानिरीक्षक व पुलिस उपमहानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक तथा पुलिस अधीक्षक को प्रदेश में अवैध पटाखा बनाने वाली फैक्ट्रियों एवं गोदामों में विस्फोट की घटनाओं की रोकथाम के विस्तृत दिशा-निर्देश दिए है।अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था अभिताभ यश ने बताया कि 07 सितम्बर से 21 सितम्बर 2025 15 दिवस का विशेष अभियान चलाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिये है ।
महानिदेशक कानून-व्यवस्था अभिताभ यश ने बताया कि जिन फैक्ट्रियों को लाइसेंस दिया गया है, उन सभी का निरीक्षण संबंधित क्षेत्राधिकारी, उपजिलाधिकारी, थाना प्रभारी और अग्निशमन सेवा की संयुक्त टीम द्वारा किया जाये।निरीक्षण की वीडियोग्राफी कराते हुए अपर पुलिस अधीक्षक व अपर जिलाधिकारी, पुलिस आयुक्त व पुलिस उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक एवं जिलाधिकारी द्वारा अभिलेखीकरण करके और उनका क्रॉस-सत्यापन भी अवश्य किया जाये।आकस्मिक आग की दुर्घटनाओं, खासकर रासायनिक आग से निपटने के लिए तैयारियो की समीक्षा विशेष ध्यान देकर सुनिश्चित करायी जाये।प्रत्येक निरीक्षण में दुर्घट्नाओं के समय काम करने वाले कर्मचारियों और प्रबंधकों द्वारा की जाने वाली तैयारियों की भी गहनता पूर्वक जांच / समीक्षा कर तद्नुसार यथोचित कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।चेकिंग / निरीक्षण के दौरान बालश्रम की उपस्थिति एवं बालश्रम की किसी भी घटना के मामले में तत्काल नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही की जाये।किसी भी अवैध या अनाधिकृत कारखानों, भंडारण व अवैध विक्रय/परिवहन की जानकारी के लिए राजस्व अधिकारियों, सम्बन्धित थाना और स्थानीय सूचना इकाई द्वारा गोपनीय रूप से जानकारी एकत्र की जाये।अवैध फैक्ट्री/भण्डारण पाये जाने की स्थिति में सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत उन्हें बंद करने के सम्बन्ध में तत्काल कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।पटाखों के भण्डारण और बिक्री के स्थान उनके लाईसेंस/अनुमति के आधार पर निर्धारित / चिन्हित स्थानों पर ही हो, अन्यथा उनके विरूद्ध समुचित वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।बिक्री के प्रत्येक स्थान को स्पष्ट रूप से चिह्नित और सीमांकित करते हुए आबादी और व्यस्त बाजार / रिहाइशी इलाकों से उचित दूरी पर व्यस्थापित किया जाये।यह विशेष रूप से ध्यान रखा जाये कि छोटे / पार्ट टाइम विक्रेताओं को जाँच के दौरान अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाये।इस कार्रवाई के पश्चात भविष्य में यदि आग, विस्फोट जैसी कोई घटना होती है तो संबंधित चौकी प्रभारी, बीट प्रभारी, थाना प्रभारी और वरिष्ठ अधिकारियों का उत्तरदायित्व निर्धारित करके तद्नुसार उनके विरूद्ध आवश्यक कार्यवाही की जाये।
