-किसान रात-रात भर ठंड में जागकर कर रहे फसलों की रखवाली
- REPORT BY:A.S.CHAUHAN || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS
लखनऊ।सरोजनीनगर तहसील क्षेत्र में आवारा पशुओं (मुख्यतः गाय-बैल) की समस्या ने ग्रामीण किसानों के लिए जीवन
दूभर कर दिया है। गेहूं, सरसों, मटर, आलू सहित अन्य रबी फसलें तैयार होने की कगार पर हैं, लेकिन आवारा मवेशी इन फसलों में घुसकर उन्हें चर रहे हैं, रौंद रहे हैं और पूरी तरह बर्बाद कर रहे हैं।
दूभर कर दिया है। गेहूं, सरसों, मटर, आलू सहित अन्य रबी फसलें तैयार होने की कगार पर हैं, लेकिन आवारा मवेशी इन फसलों में घुसकर उन्हें चर रहे हैं, रौंद रहे हैं और पूरी तरह बर्बाद कर रहे हैं।सरोजनीनगर तहसील के बनी, सराय शहजादी, खसरवारा,धावापुर, बीबीपुर, रतौली,खटोला,नीवां,किशनपुर कौड़िया, मेमौरा, कुरौनी, चंद्रावल,नूर नगर भदरसा, नटकुर, कासिम खेड़ा,गहरू, मीरानपुर पिनवट, रहीमाबाद, पिपरसंड, रनियापुर, लोनहा, खुर्रमपुर, रामदासपुर, अमावां, मवई पडियाना, नारायनपुर, हरौनी, बरकोता, भटगंवा पांडे, कन्नी खेड़ा नानामऊ, गोदौली, सादुल्लाहनगर,ऐन,भटगांव सहित जैसे अन्य गांवों में किसान दिन-रात अपनी फसलों की रक्षा के लिए मजबूर हैं। ठंड के इस मौसम में रात भर खेतों में लाठी-डंडा लेकर पहरा देना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि पशु झुंड बनाकर खेतों में हमला करते हैं, जिससे उनकी मेहनत की कमाई पर पानी फिर रहा है। कई किसानों ने बताया कि एक रात में ही दर्जनों बीघा फसल को नुकसान पहुंच जाता है, और आर्थिक क्षति लाखों में पहुंच रही है।
गौशालाओं के दावे कागजी साबित
योगी सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में पशु आश्रय केंद्र (गौशालाएं) खोलने का बड़ा दावा किया था, ताकि आवारा पशुओं को वहां
रखा जाए और किसानों की फसलों को सुरक्षा मिले। कान्हा उपवन गौशाला (सरोजनीनगर) सहित अन्य सुविधाओं का जिक्र किया जाता है। लेकिन हकीकत यह है कि ये केंद्र अपर्याप्त हैं और क्षमता से अधिक भरे हुए हैं। कई गौशालाओं में पशुओं को पर्याप्त चारा, पानी और देखभाल नहीं मिल रही, जिससे पशु भूख-प्यास से तड़पकर मर रहे हैं।भ्रष्टाचार और मिलीभगत के आरोप किसानों और स्थानीय सूत्रों का आरोप है कि प्रशासनिक अधिकारी, कर्मचारी और कुछ ग्राम प्रधानों की मिलीभगत के कारण आवारा पशुओं पर अंकुश नहीं लग पा रहा। गौ कल्याण योजनाओं में फंड का दुरुपयोग हो रहा है, और पशुओं को पकड़ने-रखने के अभियान सिर्फ दिखावे के हैं। इससे समस्या और गंभीर होती जा रही है। उत्तर प्रदेश में समग्र रूप से आवारा पशुओं की समस्या बनी हुई है, जहां किसान फसल बीमा में भी इस नुकसान को शामिल करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस राहत नहीं मिली।किसानों की गुहार और आगे की राह प्रभावित किसान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं। वे चाहते हैं कि गौशालाओं में सुधार हो, पशुओं को प्रभावी ढंग से पकड़ा जाए और फसलों की सुरक्षा के लिए बाड़बंदी या अन्य तकनीकी सहायता दी जाए। यदि यही स्थिति बनी रही, तो इस रबी सीजन में हजारों किसानों की फसलें बर्बाद हो सकती हैं।
रखा जाए और किसानों की फसलों को सुरक्षा मिले। कान्हा उपवन गौशाला (सरोजनीनगर) सहित अन्य सुविधाओं का जिक्र किया जाता है। लेकिन हकीकत यह है कि ये केंद्र अपर्याप्त हैं और क्षमता से अधिक भरे हुए हैं। कई गौशालाओं में पशुओं को पर्याप्त चारा, पानी और देखभाल नहीं मिल रही, जिससे पशु भूख-प्यास से तड़पकर मर रहे हैं।भ्रष्टाचार और मिलीभगत के आरोप किसानों और स्थानीय सूत्रों का आरोप है कि प्रशासनिक अधिकारी, कर्मचारी और कुछ ग्राम प्रधानों की मिलीभगत के कारण आवारा पशुओं पर अंकुश नहीं लग पा रहा। गौ कल्याण योजनाओं में फंड का दुरुपयोग हो रहा है, और पशुओं को पकड़ने-रखने के अभियान सिर्फ दिखावे के हैं। इससे समस्या और गंभीर होती जा रही है। उत्तर प्रदेश में समग्र रूप से आवारा पशुओं की समस्या बनी हुई है, जहां किसान फसल बीमा में भी इस नुकसान को शामिल करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस राहत नहीं मिली।किसानों की गुहार और आगे की राह प्रभावित किसान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं। वे चाहते हैं कि गौशालाओं में सुधार हो, पशुओं को प्रभावी ढंग से पकड़ा जाए और फसलों की सुरक्षा के लिए बाड़बंदी या अन्य तकनीकी सहायता दी जाए। यदि यही स्थिति बनी रही, तो इस रबी सीजन में हजारों किसानों की फसलें बर्बाद हो सकती हैं।नूरनगर भदरसा में ग्राम समाज की जमीन पर अवैध कब्जा
-हाल ए तहसील सरोजनीनगर,15 महीने बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
-ग्रामीणों में आक्रोश,तत्काल चिन्हांकन व कब्जा हटाने की मांग
सरोजनीनगर तहसील अंतर्गत ग्राम नूरनगर भदरसा में सरकारी एवं ग्राम समाज की बहुमूल्य भूमि पर हो रही अवैध
प्लॉटिंग और कब्जे के खिलाफ शिकायत के बावजूद प्रशासन की कार्रवाई महज कागजी घेराबंदी तक सिमटकर रह गई है। शिकायत दर्ज हुए 15 महीने बीत जाने के बाद भी न तो भूमि का उचित चिन्हांकन हुआ और न ही अवैध कब्जाधारकों के विरुद्ध कोई ठोस एवं प्रभावी कार्रवाई की गई, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में भारी रोष और निराशा व्याप्त है।
प्लॉटिंग और कब्जे के खिलाफ शिकायत के बावजूद प्रशासन की कार्रवाई महज कागजी घेराबंदी तक सिमटकर रह गई है। शिकायत दर्ज हुए 15 महीने बीत जाने के बाद भी न तो भूमि का उचित चिन्हांकन हुआ और न ही अवैध कब्जाधारकों के विरुद्ध कोई ठोस एवं प्रभावी कार्रवाई की गई, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में भारी रोष और निराशा व्याप्त है।शिकायतकर्ताओं बलराम यादव (पुत्र स्व. सोहनलाल यादव) और अवधेश कुमार (पुत्र स्व. रामऔतार) ने सम्पूर्ण समाधान दिवस सहित कई बार लिखित शिकायतें दर्ज कराई थीं।
उन्होंने बताया कि राजस्व ग्राम नूरनगर भदरसा, परगना बिजनौर के गाटा संख्या 1003 (रकबा 0.822 हे.), 942 (रकबा 2.47880 हे.), 992 (रकबा 0.228 हे.), 995/1 (रकबा 0.089 हे.) तथा 835 (रकबा 0.305 हे.) की भूमि पर भू-माफिया द्वारा लगातार अवैध प्लॉटिंग की जा रही है। इन गाटों में ग्राम समाज की भूमि के साथ विभिन्न खातेदारों की जमीन भी शामिल है, लेकिन अवैध निर्माण एवं बिक्री की गतिविधियां निर्बाध जारी हैं।शिकायत के बाद तहसीलदार सरोजनीनगर ने 23 अक्टूबर 2024 को मौके पर चिन्हांकन एवं कब्जा हटाने हेतु नायब तहसीलदार बिजनौर की अध्यक्षता में राजस्व टीम गठित की थी। टीम में राजस्व निरीक्षक पाटनदीन तिवारी, क्षेत्रीय लेखपाल चन्द्रशेखर, लेखपाल सारांश सिंह, अमरेश रावत, सुशील कुमार तथा विवेक बहादुर सिंह शामिल थे। प्रभारी निरीक्षक बिजनौर को शांति व्यवस्था बनाए रखने हेतु पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए थे।फिर भी निर्धारित तिथि पर टीम मौके पर नहीं पहुंची और ग्राम समाज की भूमि का चिन्हांकन तक नहीं हो सका। ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि भू-माफिया तंत्र मजबूत होकर सरकारी जमीन पर निर्माण कार्य जारी रखे हुए है, जबकि प्रशासन पूरी तरह मूकदर्शक बना हुआ है। इससे ग्राम समाज की साझा संपत्ति को गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
स्थानीय निवासियों ने तत्काल मांग की है कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर राजस्व टीम को मौके पर भेजकर शीघ्र चिन्हांकन कराया जाए, अवैध कब्जे हटाए जाएं तथा दोषी भू-माफियाओं एवं संलिप्त अधिकारियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे, ताकि ग्राम समाज की भूमि को बचाया जा सके और भविष्य की पीढ़ियों के लिए साझा संसाधन सुरक्षित रह सकें।मालूम हो कि तहसील सरोजनीनगर क्षेत्र में हाल ही में अन्य ग्रामों (जैसे अमौसी, हरिहरपुर, बिरूरा आदि) में नगर निगम एवं तहसील प्रशासन द्वारा बुलडोजर कार्रवाई कर करोड़ों की सरकारी भूमि मुक्त कराई गई है, लेकिन नूरनगर भदरसा मामले में अब तक कोई ठोस प्रगति नहीं दिखी। उम्मीद है कि शिकायतकर्ताओं की पीड़ा को देखते हुए प्रशासन अब गंभीरता से संज्ञान लेगा।
लोकसभा अध्यक्ष से मिले विधायक राजेश्वर सिंह
सरोजनीनगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने मंगलवार को राजभवन, लखनऊ में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से
शिष्टाचार मुलाकात की। यह मुलाकात 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन (AIPOC) के दौरान हुई, जिसमें लोकसभा अध्यक्ष भाग लेने लखनऊ पहुंचे हैं।डॉ. राजेश्वर सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इस मुलाकात की जानकारी साझा करते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने लिखा कि ओम बिरला के नेतृत्व में लोकसभा ने विधायी उत्पादकता के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। सदन में समय का कुशल प्रबंधन, विधेयकों का त्वरित एवं सुव्यवस्थित पारित होना तथा बहसों में गहनता और संतुलन—ये सभी उनके सर्वसमावेशी, नियम-आधारित और परिणामोन्मुख नेतृत्व के प्रत्यक्ष प्रमाण हैं।
शिष्टाचार मुलाकात की। यह मुलाकात 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन (AIPOC) के दौरान हुई, जिसमें लोकसभा अध्यक्ष भाग लेने लखनऊ पहुंचे हैं।डॉ. राजेश्वर सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इस मुलाकात की जानकारी साझा करते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने लिखा कि ओम बिरला के नेतृत्व में लोकसभा ने विधायी उत्पादकता के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। सदन में समय का कुशल प्रबंधन, विधेयकों का त्वरित एवं सुव्यवस्थित पारित होना तथा बहसों में गहनता और संतुलन—ये सभी उनके सर्वसमावेशी, नियम-आधारित और परिणामोन्मुख नेतृत्व के प्रत्यक्ष प्रमाण हैं।डॉ. सिंह ने आगे कहा कि लोकसभा अध्यक्ष के कार्यकाल में डिजिटल संसद की अवधारणा को साकार करते हुए ई-पार्लियामेंट, पेपरलेस कार्यप्रणाली, AI-सक्षम बहुभाषी अनुवाद, वास्तविक समय में ट्रांसक्रिप्शन तथा समेकित डिजिटल डेटाबेस जैसी क्रांतिकारी पहलें लागू की गईं। इनसे संसद अधिक पारदर्शी, समावेशी, सुलभ और जवाबदेह बनी है।
उन्होंने ओम बिरला की गहन संसदीय ज्ञान, अटल नैतिकता, लोकतंत्र के प्रति अटूट निष्ठा तथा राष्ट्रहित की दृढ़ प्रतिबद्धता को प्रत्येक सांसद एवं नागरिक के लिए प्रेरणा का स्रोत बताया। अंत में डॉ. सिंह ने कामना की कि ओम बिरला के नेतृत्व में लोकसभा लोकतांत्रिक मूल्यों, विधायी गुणवत्ता और संस्थागत विश्वसनीयता की नित नई ऊँचाइयों को छूती रहे तथा भारतीय लोकतंत्र और अधिक सुदृढ़ बने।यह मुलाकात ऐसे समय में हुई जब लखनऊ में 19 से 21 जनवरी तक चल रहे 86वें AIPOC सम्मेलन में विधायी प्रक्रियाओं, प्रौद्योगिकी के उपयोग और संसदीय जवाबदेही जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हो रही है।
महापौर की निधि से 14 लाख की सड़क-नाली का शिलान्यास
सरोजनीनगर द्वितीय वार्ड-18 के मानस नगर में बुधवार को 120 मीटर लंबी एवं 4 मीटर चौड़ी सड़क एवं नाली के
पुनर्निर्माण कार्य का शिलान्यास पार्षद रामनरेश रावत (एडवोकेट) द्वारा किया गया। यह कार्य महापौर श्रीमती सुषमा खर्कवाल की निधि से 14 लाख रुपये की लागत से होगा।कार्यक्रम पूजा-अर्चना के साथ विधिवत शुरू हुआ। पार्षद रामनरेश रावत ने विकास ओझा एवं प्रीतम सिंह से नारियल तुड़वाकर तथा आर.एस. तिवारी से फाड़वा मरवाकर कार्यारंभ किया। पार्षद प्रतिनिधि संतोष त्रिपाठी ने बताया कि यह सड़क-नाली पिछले 10-15 वर्षों से जर्जर थी, जिससे जलभराव एवं आवागमन में बाधा आ रही थी। अब निर्माण से लगभग 2 हजार निवासियों को बड़ी राहत मिलेगी।
पुनर्निर्माण कार्य का शिलान्यास पार्षद रामनरेश रावत (एडवोकेट) द्वारा किया गया। यह कार्य महापौर श्रीमती सुषमा खर्कवाल की निधि से 14 लाख रुपये की लागत से होगा।कार्यक्रम पूजा-अर्चना के साथ विधिवत शुरू हुआ। पार्षद रामनरेश रावत ने विकास ओझा एवं प्रीतम सिंह से नारियल तुड़वाकर तथा आर.एस. तिवारी से फाड़वा मरवाकर कार्यारंभ किया। पार्षद प्रतिनिधि संतोष त्रिपाठी ने बताया कि यह सड़क-नाली पिछले 10-15 वर्षों से जर्जर थी, जिससे जलभराव एवं आवागमन में बाधा आ रही थी। अब निर्माण से लगभग 2 हजार निवासियों को बड़ी राहत मिलेगी।शराबी ड्राइवर ने कार से मारी टक्कर, युवक के दोनों पैर टूटे
सरोजनीनगर थाना क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट नगर में 17 जनवरी 2026 को शाम करीब 3:30 बजे एक भीषण सड़क हादसा हुआ।
लायकराम शुक्ला पुत्र गणेश शंकर (निवासी: मूल रूप से ग्राम शंकरपुर, थाना थानगांग, वर्तमान पता: सेक्टर जे, जानकीपुरम, लखनऊ) ने सरोजनी नगर थाना प्रभारी को दिए आवेदन में बताया कि उनका बेटा अनुराग शुक्ला, जो गोल्डेन ट्रांसपोर्ट नगर में काम करता था, एक डिजायर कार (नंबर: UP32 LT 2250) से पीछे से टकरा गया।
लायकराम शुक्ला पुत्र गणेश शंकर (निवासी: मूल रूप से ग्राम शंकरपुर, थाना थानगांग, वर्तमान पता: सेक्टर जे, जानकीपुरम, लखनऊ) ने सरोजनी नगर थाना प्रभारी को दिए आवेदन में बताया कि उनका बेटा अनुराग शुक्ला, जो गोल्डेन ट्रांसपोर्ट नगर में काम करता था, एक डिजायर कार (नंबर: UP32 LT 2250) से पीछे से टकरा गया।टक्कर इतनी जोरदार थी कि अनुराग के दोनों पैर टूट गए। पीड़ित ने आरोप लगाया कि कार चालक शराब पीकर गाड़ी चला रहा था। हादसे के बाद आरोपी फरार हो गया और उससे कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कर्मचारी की मोटरसाइकिल ऑफिस के गेट के अंदर से चोरी
सरोजनीनगर थाना क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट नगर स्थित विष्णु डिस्ट्रीब्यूटर्स में कार्यरत प्रभात गुप्ता पुत्र स्वर्गीय देवी प्रसाद गुप्ता
(निवासी: 584/248, किला मोहम्मदी नगर, एलडीए कॉलोनी, लखनऊ) ने 19 जनवरी 2026 को चौकी प्रभारी, ट्रांसपोर्ट नगर को एक लिखित शिकायत (नकल तहरीर) सौंपी, पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर लिया है।उन्होंने बताया कि 18 दिसंबर 2025 को सुबह लगभग 10 बजे वे अपनी मोटरसाइकिल हीरो स्प्लेंडर प्रो (पंजीकरण संख्या: UP32 FF 4348) से ऑफिस पहुंचे और इसे आफिस गेट के अंदर A509/510 पारस धर्म कांटा के सामने खड़ा किया। शाम करीब 7 बजे काम खत्म कर घर जाने के लिए पहुंचे तो गाड़ी गायब थी।आसपास पूछताछ करने पर कोई सुराग नहीं मिला। अगले दिन सुबह पास के CCTV कैमरे की फुटेज चेक कराई गई, जिसमें एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा उनकी बाइक ले जाते हुए साफ दिखाई दिया।प्रभात गुप्ता ने पुलिस से विनम्र निवेदन किया कि उनकी गाड़ी की तलाश की जाए, FIR दर्ज कर चोरी की वारदात का संज्ञान लेते हुए बरामदगी की कार्रवाई की जाए।
(निवासी: 584/248, किला मोहम्मदी नगर, एलडीए कॉलोनी, लखनऊ) ने 19 जनवरी 2026 को चौकी प्रभारी, ट्रांसपोर्ट नगर को एक लिखित शिकायत (नकल तहरीर) सौंपी, पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर लिया है।उन्होंने बताया कि 18 दिसंबर 2025 को सुबह लगभग 10 बजे वे अपनी मोटरसाइकिल हीरो स्प्लेंडर प्रो (पंजीकरण संख्या: UP32 FF 4348) से ऑफिस पहुंचे और इसे आफिस गेट के अंदर A509/510 पारस धर्म कांटा के सामने खड़ा किया। शाम करीब 7 बजे काम खत्म कर घर जाने के लिए पहुंचे तो गाड़ी गायब थी।आसपास पूछताछ करने पर कोई सुराग नहीं मिला। अगले दिन सुबह पास के CCTV कैमरे की फुटेज चेक कराई गई, जिसमें एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा उनकी बाइक ले जाते हुए साफ दिखाई दिया।प्रभात गुप्ता ने पुलिस से विनम्र निवेदन किया कि उनकी गाड़ी की तलाश की जाए, FIR दर्ज कर चोरी की वारदात का संज्ञान लेते हुए बरामदगी की कार्रवाई की जाए।सरोजनीनगर के किसान पथ पर सड़क हादसा
-82 वर्षीय बुजुर्ग महिला की मौके पर मौत, अन्य परिजन घायल
सरोजनीनगर थाना क्षेत्र के किसान पथ के गहरू अंडरपास के ऊपर आज दोपहर करीब 3:15 बजे एक दर्दनाक सड़क
दुर्घटना में एक परिवार की बुजुर्ग दादी की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में अन्य परिजनों को भी गंभीर चोटें आई हैं।मृतक की पहचान सुराजवती मिश्रा (उम्र 82 वर्ष), पत्नी स्वर्गीय श्याम जी मिश्रा, निवासी दुबियाना, थाना सफीपुर, उन्नाव के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, हर्षित मिश्रा (21 वर्ष), पुत्र स्वर्गीय श्याम जी मिश्रा, अपनी दादी सुराजवती मिश्रा तथा अन्य परिजनों – रामजी मिश्रा (48 वर्ष, मृतिका के पुत्र), नातिन गौरी (18 वर्ष), शुभी (12 वर्ष) और कनक (04 वर्ष) के साथ वागनआर गाड़ी (UP32GP8048) में घर जा रहे थे।
दुर्घटना में एक परिवार की बुजुर्ग दादी की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में अन्य परिजनों को भी गंभीर चोटें आई हैं।मृतक की पहचान सुराजवती मिश्रा (उम्र 82 वर्ष), पत्नी स्वर्गीय श्याम जी मिश्रा, निवासी दुबियाना, थाना सफीपुर, उन्नाव के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, हर्षित मिश्रा (21 वर्ष), पुत्र स्वर्गीय श्याम जी मिश्रा, अपनी दादी सुराजवती मिश्रा तथा अन्य परिजनों – रामजी मिश्रा (48 वर्ष, मृतिका के पुत्र), नातिन गौरी (18 वर्ष), शुभी (12 वर्ष) और कनक (04 वर्ष) के साथ वागनआर गाड़ी (UP32GP8048) में घर जा रहे थे।अचानक किसी अज्ञात वाहन ने उनकी गाड़ी में जोरदार टक्कर मार दी, जिसके कारण गाड़ी पलट गई। इस भीषण टक्कर में सुराजवती मिश्रा की मौके पर ही मौत हो गई। बाकी घायल परिजनों को उनके अन्य परिजनों ने तुरंत ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है।मौके पर पुलिस ने पहुंचकर पंचनामा पूरा किया। मृतका का शव एम्बुलेंस से CHC सरोजिनी नगर ले जाया गया और पोस्टमार्टम के लिए KGMU भेज दिया गया है।घटना के बाद मौके पर शांति बनी हुई है और लॉ एंड ऑर्डर की कोई समस्या नहीं है। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश में जांच कर रही है।
