– रूट डायवर्जन लागू ,प्रभावित क्षेत्रों की ओर न जाएं नागरिक
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ। नोएडा में श्रमिक आंदोलन की स्थिति को लेकर पुलिस मुख्यालय में लगातार उच्चस्तरीय निगरानी की जा रही

है। पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण एवं अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था अमिताभ यश नें कंट्रोल रूम से पल-पल की स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। दोनों अफसर मुख्यालय में बैठ कर वरिष्ठ अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दे रहे हैं।
उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर नोएडा पुलिस एवं प्रशासन नें श्रमिकों, प्रबंधन पक्ष तथा अन्य संबंधित पक्षों के साथ निरंतर वार्ता एवं समन्वय स्थापित किया जा रहा है, ताकि स्थिति का शांतिपूर्ण एवं न्यायसंगत समाधान किया जा सके।
प्रभावित क्षेत्रों में नागरिकों की सुविधा एवं यातायात के सुचारु संचालन को लेकर रूट डायवर्जन लागू किया गया है। आम नागरिकों से यूपी पुलिस नें अनुरोध किया है कि वह अनावश्यक रूप से प्रभावित क्षेत्रों की ओर न जाएं। वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें। पुलिस एवं प्रशासन का प्रयास है कि आमजन को न्यूनतम असुविधा हो और दैनिक जीवन सामान्य बना रहे।शासन के निर्देश पर श्रमिकों की बात को संवेदनशीलता और गंभीरता से सुना जाय।
पुलिस का उद्देश्य किसी भी पक्ष पर बल प्रयोग नहीं, बल्कि बातचीत, मध्यस्थता और शांतिपूर्ण समाधान को आगे बढ़ाना है। नोएडा पुलिस कंपनी प्रबंधन और श्रमिकों के बीच संवाद का सेतु बनकर कार्य कर रही है।नोएडा एवं उससे जुड़े संवेदनशील क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने हेतु व्यापक सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं।
पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात,नोएडा से लेकर पड़ोसी जिलों तक कानून-व्यवस्था पर कड़ी निगरानी
पुलिस के मुताबिक मौके पर पर्याप्त संख्या में स्थानीय पुलिस बल, पीएसी, पैरामिलिट्री फोर्स, राजपत्रित अधिकारी, थाना प्रभारी तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौके पर तैनात हैं। नोएडा से लेकर पड़ोसी जिलों तक कानून-व्यवस्था पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।सोशल मीडिया एवं अन्य माध्यमों पर भ्रामक, असत्य एवं उत्तेजक सूचनाएं प्रसारित कर माहौल बिगाड़ने का प्रयास करने वालों के विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की जा रही है।
दो एक्स हैंडल्स के विरुद्ध एफआईआर दर्ज,50 से अधिक चिन्हित
पुलिस के मुताबिक अब तक दो एक्स हैंडल्स के विरुद्ध निराधार अफवाहें फैलाने पर एफआईआर दर्ज की गई है।इसके अतिरिक्त 50 से अधिक ऐसे बॉट हैंडल चिन्हित किए गए हैं।जिन्हें पिछले 24 घंटों के भीतर बनाया गया है और जो नोएडा में श्रमिकों से जुड़े मुद्दे पर अफवाह फैलाने तथा भ्रामक नैरेटिव गढ़ने का सुनियोजित प्रयास कर रहे हैं। प्रथम दृष्टया यह एक संगठित षड्यंत्र की ओर संकेत करता है।इन सभी हैंडल्स के डिजिटल ट्रेल की विस्तृत जांच उत्तर प्रदेश एसटीएफ द्वारा की जाएगी।अफवाह एवं दुष्प्रचार के जरिए कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाले सभी हैंडल्स के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अपुष्ट सूचना, वीडियो, पोस्ट या संदेश पर कटाई न करें भरोसा
यूपी पुलिस नें आमजन से अपील है कि वे किसी भी अपुष्ट सूचना, वीडियो, पोस्ट या संदेश पर भरोसा न करें तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी को ही सही मानें।वरिष्ठ स्तर से निरंतर मॉनिटरिंग, पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, श्रमिकों के साथ संवाद तथा प्रशासनिक समन्वय के परिणामस्वरूप स्थिति पूर्णतः नियंत्रण में है। उत्तर प्रदेश पुलिस शांति, कानून-व्यवस्था और जनसुविधा बनाए रखने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।
ड्यूटी पॉइंट पर तैनात रहते हुए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सम्मिलित हुए पुलिस अफसर
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने एडीजी (कानून-व्यवस्था) अमिताभ यश के साथ सायंकाल 7 बजे पुलिस मुख्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से नोएडा के सभी थानाध्यक्षों, राजपत्रित अधिकारियों एवं अन्य जिलों से नोएडा में कानून-व्यवस्था के लिये राजपत्रित अधिकारियों को सम्बोधित किया। सभी अधिकारी अपने-अपने ड्यूटी पॉइंट पर तैनात रहते हुए मोबाइल के माध्यम से इस वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सम्मिलित हुए।
अफवाहें प्रसारित करने वाले तत्वों को चिह्नित कर की जाये कड़ी कार्रवाई
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने एडीजी (कानून-व्यवस्था) अमिताभ यश नें निर्देश दिए कि श्रमिकों के साथ सहानुभूतिपूर्ण एवं निरंतर संवाद बनाए रखा जाए।किसी भी स्थिति में संयम न खोया जाए तथा अराजकता फैलाने, आगजनी एवं तोड़फोड़ करने अथवा अफवाहें प्रसारित करने वाले तत्वों को चिह्नित कर उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए।उत्तर प्रदेश पुलिस की प्राथमिकता है कि प्रत्येक स्थिति का समाधान शांति, संवाद और संवेदनशीलता के साथ निकाला जाए। श्रमिक पूर्ण शांति एवं संयम बनाए रखें।
श्रमिक बंधुओं के हितों के प्रति पूर्णतः संवेदनशील है प्रदेश सरकार
डीजीपी नें कहा है कि प्रदेश सरकार श्रमिक बंधुओं के हितों के प्रति पूर्णतः संवेदनशील है तथा सभी पक्षों से संवाद के माध्यम से शीघ्र समाधान निकाला जायेगा।असामाजिक तत्व जानबूझकर अराजकता फैलाने, सार्वजनिक एवं निजी संपत्ति को क्षति पहुँचाने तथा हिंसा व आगजनी के षड्यंत्र में लिप्त पाए जाएँगे, उनके विरुद्ध उत्तर प्रदेश शासकीय एवं सार्वजनिक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। क्षतिग्रस्त संपत्ति की वसूली भी की जाएगी।डीजीपी नें कहा है कि मैं आमजन को भी आश्वस्त करना चाहता हूं कि स्थिति पूर्णतः नियंत्रण में है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल एवं वरिष्ठ अधिकारी तैनात हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस शांति, सुरक्षा और जनसुविधा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।