– नाराजगी के बाद अफसर हुए सख्त जारी किया पत्र, कहा तत्काल करें अधिकारियो और कर्मचारियों को कार्यमुक्त
-एक सप्ताह में जोन रेंज तथा जिले के अफसर मुख्यालय को भेजे अनुपालन आख्या
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ। डीजीपी मुख्यालय के आदेश पर बदले गये पुलिस अधिकारियो और कर्मचारियों को रवाना न किये जाने से डीजीपी राजीव कृष्णा खासा नाराज है। उन्होंने इसको लेकर अफसरों से रिपोर्ट मांगी है।डीजीपी की नाराजगी से घबराये पुलिस मुख्यालय के अफसर नें प्रदेश भर के अधिकारियो से कड़ी नाराजगी ब्यक्त करते हुए स्थानात्रित अधिकारियो और कर्मचारियों को उनके नवीन स्थानों पर रवाना करने का फरमान सुनाते हुए डीजीपी मुख्यालय को तत्काल अवगत कराने को कहा है ताकि अफसर डीजीपी को सही जानकारी दे सके।
बतादे कि प्रदेश में वर्ष 2025 में डीजीपी कार्यालय नें उन तमाम अधिकारियो और कर्मचारियों के तबादले किये थे जिनमे तमाम लोगो की शिकायते थी। वही कुछ जरूरत मंद लोग थे। इसके अलावा अन्य विभिन्न कारणों से तबादले हुए थे। लेकिन तबादले के बाद भी तमाम लोग जुगाड़ और पहुँच के बल पर में जमे हुए जिला और जोन तथा रेंज और विभिन्न इकाइयों के अफसरों नें उन्हें रवाना नही किया।मामला डीजीपी तक पहुंचा तो उन्होंने इस मामले पर सख़्ती दिखाते हुए कड़ी नाराजगी जताई। डीजीपी की नाराजगी के बाद पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें सभी विभागाध्यक्ष व कार्यालयाध्यक्ष और सभी जोनल अपर पुलिस महानिदेशक और सभी पुलिस आयुक्तो को पत्र लिखकर कड़ी नाराजगी जताते हुए वर्ष 2025 में स्थानान्तरित किये गये अराजपत्रित अधिकारी व कर्मचारीगण को स्थानान्तरित जगहों पर कार्यमुक्त कर अनुपालन आख्या उपलब्ध करानें के निर्देश दिये है।
पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा कहा है कि प्रायः यह देखा जा रहा है कि उ०प्र० पुलिस बल के जिन अराजपत्रित अधिकारियों व कर्मचारियों के समयावधि और प्रशासनिक तथा जनहित एवं अनुकम्पा के आधार पर स्थानान्तरण आदेश मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, उ०प्र० स्तर से निर्गत किए गये है।उनका कियान्वयन और अनुपालन नहीं किया जा रहा है।पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें अपने पत्र में कहा है कि स्थानान्तरित कर्मियों को समय से कार्यमुक्त न किए जाने के कारण कार्मिकों द्वारा न्यायालय में रिट याचिकाएं योजित की जाती है तथा न्यायालय द्वारा समय से स्थानान्तरण आदेश पर कार्यमुक्त न किए जाने पर विभाग की कार्यप्रणाली पर एकरूपता के आभाव में प्रतिकूल टिप्पणी की जाती है।
पत्र में पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें कहा कि वर्ष 2025 में मुख्यालय पुलिस महानिदेशक द्वारा प्रदेश के अराजपत्रित पुलिस बल के समयावधि व प्रशासनिक तथा जनहित व अनुकम्पा के आधार पर किए गये स्थानान्तरण आदेश का कियान्वयन तत्काल शत् प्रतिशत कराया जाना आवश्यक है, ताकि स्थानान्तरित पुलिस बल के कर्मी समय से स्थानान्तरित जोन व कमिश्नरेट तथा जिलों में अपना आगमन समय से कराकर कर्तव्यस्त हो जाए, ताकि संबंधित जोन और कमिश्नरेट तथा जिलों में जनशक्ति की समस्या उत्पन्न न हो और कानून व्यवस्था की स्थिति प्रभावित न हो सके।पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें किये गये तबादलों की कॉपी भेजते हुए मुख्यालय एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा अराजपत्रित अधिकारियों व कर्मचारियों के निर्गत स्थानान्तरण आदेश का तत्काल क्रियान्वयन कराते हुये प्रतिस्थानी की प्रतीक्षा किये बिना शीघ्रातिशीघ्र कार्यमुक्त किया जायेगा।
पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें कहा है कि पुलिस महानिदेशक मुख्यालय से निर्गत स्थानान्तरण आदेशों में यह स्पष्ट रूप से अंकित किया गया है कि स्थानान्तरित कर्मी को 10 दिवस के अन्दर कार्यमुक्त कर दिया जाए। लेकिन वर्तमान में स्थानान्तरित कर्मियों को कार्यमुक्त किए जाने की सूचना मुख्यालय में अप्राप्त है।पुलिस महानिरीक्षक स्थापना नचिकेता झा नें कहा है कि स्थानांतरित अराजपत्रित पुलिस अधिकारियो और कर्मचारियों को तत्काल कार्यमुक्त करते हुये अपने अपने जोन के अधीनस्थ परिक्षेत्र और जिलों से अनुपालन आख्या व प्रमाण पत्र प्राप्त करते हुए संकलित सूचना एक सप्ताह में डीजीपी मुख्यालय को उपलब्ध कराये। पुलिस महानिदेशक के समक्ष विवरण प्रस्तुत किया जा सके।
