-मोहनलालगंज में श्री राजपूत करणी सेना का राष्ट्रीय पदाधिकारी अधिवेशन हुआ आयोजित,राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना रहे मुख्य अतिथि
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS|| EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ ।मोहनलालगंज के डायमंड रिसॉर्ट में सोमवार को श्री राजपूत करणी सेना का राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित हुआ।जिसमें सभी राष्ट्रीय व प्रदेश समेत जिले के पदाधिकारी मौजूद रहे।मुख्य अतिथि राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्लूएस) के आरक्षण को 10 से बढ़ाकर 15 प्रतिशत करने की मांग की।उन्होने सरकार से इस मुद्दे पर गंभीरता से पहल करने का आग्रह किया।मकराना ने कहा कि ईडब्लूएस आरक्षण में वृद्धि से समाज के कमजोर वर्गों को लाभ मिलेगा।मकराना ने आगे कहा कि इतिहास गवाह है कि जब-जब देश पर संकट आया, राजपूत समाज का कमजोर होना एक कारण रहा। उन्होंने जोर दिया कि राजपूत समाज के मजबूत होने से राष्ट्र और भी सशक्त होगा।राष्ट्रीय अध्यक्ष का फूलो की बड़ी माला पहनाकर प्रदेश अध्यक्ष दुर्गेश सिंह उर्फ दीपू ने पदाधिकारियो के साथ स्वागत किया। राष्ट्रीय कार्यसमिति अध्यक्ष करण प्रताप सिंह, राष्ट्रीय प्रभारी प्रहलाद सिंह, राष्ट्रीय कल्याण प्रभारी विजेंद्र सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष जितेंद्र सिंह, राष्ट्रीय महासचिव नारायण सिंह व बृजेश सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी भी मौजूद थे।
24राज्यो के प्रदेश अध्यक्ष अधिवेशन में पहुंचे…
श्री राजपूत करणी सेना के अधिवेशन में 24 राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों समेत 75 जिलों के अध्यक्ष पदाधिकारियों के साथ मौजूद रहें। इस दौरान राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना ने संगठन की मजबूती, रणनीति, सामाजिक सरोकार और आगामी कार्यक्रमों पर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। अधिवेशन का आयोजन प्रदेश अध्यक्ष दुर्गेश सिंह दीपू द्वारा किया गया।
शेरपुर लवल:चकबंदी के विरोध में ग्रामीणो ने सड़क पर उतरकर किया प्रदर्शन
मोहनलालगंज तहसील क्षेत्र के शेरपुर लवल गांव में सोमवार को चकबंदी को लेकर एक बार फिर विवाद भड़क उठा। चकबंदी विभाग के
अधिकारी गांव में चकबंदी की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के लिए पहुंचने वाले थे, लेकिन जैसे ही ग्रामीणों को इसकी जानकारी हुई, सैकड़ों की संख्या में किसान सड़क पर उतर आए और चकबंदी के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।विरोध की सूचना मिलने पर चकबंदी अधिकारी निगोहां थाने पहुंचे, मगर वहां ग्रामीणों के गुस्से का अंदाजा लगाते हुए थाने से ही बैरंग वापस लौट गए। अधिकारियों के लौटते ही ग्रामीणों ने राहत की सांस ली और प्रदर्शन समाप्त किया।ग्रामीणों का कहना है कि गांव में 13 वर्षों से चकबंदी को लेकर विवाद चल रहा है, और ज्यादातर किसान इसका विरोध कर रहे हैं। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रघुराज, शैलेन्द्र वर्मा, प्रदीप बाजपेयी, मनीष समेत अन्य ग्रामीणों ने बताया कि गांव के कुछ प्रॉपर्टी डीलरों को छोड़कर लगभग 85 से 95 प्रतिशत लोग चकबंदी नहीं चाहते।ग्रामीणों के अनुसार, कई बार अधिकारियों द्वारा गांव में चकबंदी पर रायशुमारी कराई गई, जिसमें भारी बहुमत से लोगों ने इसका विरोध किया। फिर भी विभाग की ओर से कार्रवाई की कोशिशें जारी हैं।
पहले भी कई बार ग्रामीण कर चुके है हगांमा..
शेरपुर लवल गांव में चकबंदी का विवाद नया नहीं है। 25 नवम्बर 2018 को भी ग्रामीणों ने हस्ताक्षर अभियान चलाकर 240 किसानों ने चकबंदी के विरोध में हस्ताक्षर किए, जबकि केवल 103 किसान ही पक्ष में थे।तीन वर्ष पूर्व 383 ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से डीएम से लेकर उच्च अधिकारियों तक गुहार लगाई थी कि गांव में चकबंदी न कराई जाए।22 मार्च 2019 को जब चकबंदी कर्मचारी अकबर अली गांव में नोटिस देने पहुंचे थे, तो ग्रामीणों ने उन्हें बंधक बना लिया था और नारेबाजी करते हुए नोटिस लेने से इनकार कर दिया था।
11हजार हाइवोल्टेज लाइन की चपेट में आकर टेक्नीशियन की मौत
जनपद शाहजहाॅपुर के थाना सदर बाजार के मऊ वासक निवासी राजकुमार ने मोहनलालगंज पुलिस से लिखित शिकायत करते हुये बताया मेरा बेटा अरून कुमार(21वर्ष) मेसर्स संजीव कुमार कान्टेक्टर में टेक्नीशियन था.उक्त फर्म स्ट्रीट लाइट व खम्भे लगाने का काम करती है.फर्म की साइड मोहनलालगंज के जैतीखेड़ा में चल रही थी.फर्म की साइड पर सुपरवाइजर फरीदुद्दीन व ठेकेदार संजीव कुमार शर्मा के निर्देशन में 4नवम्बर की सुबह साढे दस बजे काम कर रहा था।इस दौरान एल्युमीनियम की सीढी को खम्भे पर लगाने के दौरान 11हजार वोल्ट की लाइन का शटडाउन लेने की बात कही गयी।लेकिन सीढी खम्भे में लगाने के दौरान 11हजार वोल्ट की लाइन में टच हो गयी ओर बेटा अरून हाइवोल्टेज लाइन की चपेट में आकर गम्भीर रूप से झुलस गया जिसे आनन फानन साथी कर्मचारी इलाज के लिये लोकबंधु अस्पताल लेकर गये।जहां इलाज के दौरान टेक्नीशियन अरून की मौत हो गयी।पिता ने सुपरवाइजर व ठेकेदार की लापरवाही से बेटे की मौत होने का आरोप लगाते हुये पुलिस से मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही की मांग की।प्रभारी निरीक्षक डीके सिंह ने बताया पीड़ित पिता की तहरीर पर सुपरवाइजर व ठेकेदार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गयी है।
