– गाजियाबाद सीट को लेकर बढ़ी सरगर्मी, अखिलेश साधेंगे नई रणनीति,भाजपा के सामने किला बचाने की चुनौती,एनडीए बनाम इंडिया की होगी रोमांचक जंग
- REPORT BY:K.K.VARMA
- EDITED BY:AAJNATIONAL NEWS
चक्रव्यूह का ही हिस्सा है।बहुत जल्दी प्रमुख पार्टी के प्रत्याशी घोषित हो सकते हैं।56- गाजियाबाद के नाम से जानी जाने वाली गाजियाबाद शहर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में लगातार दो बार से जीत हासिल करने वाले भाजपा के सामने अपना किला मजबूत बनाए रखने की चुनौती है।भाजपा इस बार जातीय समीकरण भी साधने की कोशिश कर रही है, जिससे नकारात्मक संदेश मतदाताओं के बीच न पहुंचे।अब तक इस सीट पर सपा कांग्रेस गठबंधन के तहत कांग्रेस का प्रत्याशी उतरने की संभावना थी, लेकिन अब चर्चा है कि कांग्रेस ने उपचुनाव में उतरने के बजाय सपा को ही इस सीट पर लड़ाने के लिए अंदरखाने सहमति दी है। यदि ऐसा होगा तो 20 साल बाद सपा को इस सीट पर जीत हासिल करने के लिए ऐसे चेहरे को प्रत्याशी बनाना पड़ेगा, जो कि जातीय समीकरण साधने के साथ ही भाजपा के विजय रथ को रोक सके।गाजियाबाद शहर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए सोमवार को दो प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र लिया है। इनमें राष्ट्रीय जन लोक पार्टी से धर्मेंद्र सिंह और निर्दलीय प्रत्याशी मिथुन जायसवाल शामिल हैं। 18 अक्टूबर को छह, 19 अक्टूबर को पांच नामांकन पत्र खरीदे गए थे। नामांकन पत्र खरीदने और दाखिल करने की प्रक्रिया चल रही है। उपचुनाव भी कम रोमांचक नही होगा।एनडीए बनाम इंडिया की लड़ाई मानी जा रही है।
