-महानिदेशक को बताई अपनी समस्याएं, शीघ्र निराकरण का मिला आश्वासन
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ।फार्मासिस्टों की पदोन्नति में विसंगति होनें से डिप्लोमा फार्मासिस्ट राजपत्रित अधिकारी एसोसिएशन इन दिनों नाराज है। जिससे उनमें आक्रोश व्याप्त है। इसको लेकर उन्होंने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक से मिलकर अपनी समस्याएं बताकर अपनी नाराजगी जाहिर किया है।डिप्लोमा फार्मासिस्ट राजपत्रित अधिकारी एसोसिएशन, उत्तर प्रदेश का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल सोमवार को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक से मुलाकात की। एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष जे.के. सचान एवं महामंत्री प्रद्युम्न सिंह के नेतृत्व में हुई इस वार्ता में जिला मंत्री (लखनऊ) राजीव कनौजिया प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
प्रतिनिधिमंडल ने फार्मासिस्ट संवर्ग की पदोन्नति में आ रही बाधाओं और विसंगतियों पर महानिदेशक के साथ गंभीर चर्चा की। एसोसिएशन ने ज्ञापन सौंपते हुए उन्हें बताया कि बीती 31 दिसंबर 2025 और 31 जनवरी 2026 को फार्मासिस्ट से चीफ फार्मासिस्ट और चीफ फार्मासिस्ट से प्रभारी अधिकारी (फार्मेसी) के पदों पर पदोन्नति के आदेश जारी किए गए थे। हालांकि, विभाग की वरिष्ठता सूची में नाम होने के बावजूद बड़ी संख्या में पात्र फार्मासिस्टों को इस पदोन्नति का लाभ नहीं मिल सका है।
नाराज फार्मासिस्ट प्रतिनिधिमंडल ने जोर देकर कहा कि योग्य और वरिष्ठ फार्मासिस्टों का पदोन्नति से वंचित रहना विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है। अध्यक्ष सचान और जिला मंत्री राजीव कनौजिया ने संयुक्त रूप से मांग की है कि पूरे प्रकरण का पुनः परीक्षण कराया जाए और जो साथी छूट गए हैं, उनकी डी.पी.सी. प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर तत्काल संपन्न किया जाए।महामंत्री प्रद्युम्न सिंह ने कहा कि संगठन अपने साथियों के हितों के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। महानिदेशक ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
