-आर्थिक अपराधियों पर कसा शिकजा,अब तक सोलह अपराधियों को पकड़ कर भेजा जा चुका जेल
-आर्थिक अपराध और अपराधी की सूचना के लिए जारी हुआ हेल्पलाइन नम्बर
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ। आर्थिक अपराध अनुसन्धान संगठन (ई.ओ.डब्ल्यू.) नें प्रदेश में आर्थिक अपराधियों की कमर तोड़ने और उन पर
शिकजा कसने के लिए रोड़ मैप तैयार किया है।वांछित आर्थिक अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए स्पेशन ड्राइव चल रही है।डीजी आर्थिक अपराध अनुसन्धान संगठन (ई.ओ.डब्ल्यू.) नीरा रावत नें डीजीपी मुख्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता में बताया कि आर्थिक अपराध के बड़े मामलों को सूचीबद्ध कर अब आरोपितों की संपत्तियां जब्त करने की कार्रवाई भी की जायेगी। ईओडब्ल्यू विवेचना से लेकर अभियोजन में तेजी लाने के लिए अलग-अलग टीमें गठित कर उनकी निगरानी शुरू की गई है।वही प्रभावी विवेचनाओं को लेकर हर सेक्टर पर एक-एक व मुख्यालय स्तर पर दो टीमें गठित की हैं।
उन्होंने कहा कि अभियोजन में गति लाने के लिए भी फास्ट ट्रैक टीमें बना दी गई हैं, जिनकी मुख्यालय से मानीटरिंग होगी। हर माह श्रेष्ठ विवेचक व श्रेष्ठ सेक्टर का चयन कर उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा। वहीं खराब काम करने वालों को चिन्हित कर दंडित भी किया जाएगा।उन्होंने कहा कि पहली बार आर्थिक अपराध के बड़े मामलों को सूचीबद्ध कराकर उन्हें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 111 के तहत आरोपितों की संपत्तियां जब्त कराने की कार्रवाई शुरू किए जाने की तैयारी है। जब्त संपत्तियों को पीड़ितों को वापस दिलाने का प्रयास किया जाएगा।वांछित आर्थिक अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए चल रही स्पेशन ड्राइव में अब तक सोलह आर्थिक अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। इसमें से दो अपराधी आज गिरफ्तार हुए है।
डीजी आर्थिक अपराध अनुसन्धान संगठन (ई.ओ.डब्ल्यू.) नीरा रावत नें डीजीपी मुख्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता में बताया कि वी-केयर मल्टीट्रेड प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी द्वारा जनता के साथ धोखाधड़ी कर करीब 250 करोड़ घोटाले के फरार आरोपी प्रेम प्रकाश निवासी 303 तृतीय तल कम्पोजिट जेल चर्च कम्पलेक्स मेंन रोड रांची झारखण्ड को कोलकत्ता प्रान्त के पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार किया। इसके अलावा पर्लस एग्रो टेक कारपोरेशन लिमिटेड (पीएसीएल) के संचालक गुरुनाम सिंह को पंजाब के जनपद रोपड से गिरफ्तार किया है।इसके द्वारा देश के दस राज्यों में खोली गईं शाखाओं में निवेशकों का 49 हजार करोड़ जमा कराया। लेकिन बाद में कम्पनी नें निवेशकों को न भूखंड दिये और न ही अन्य लाभ दिये। उनका जमा धन भी वापस नही किया गया। इन दोनों मामलों में अभी कार्रवाई जारी है। आर्थिक अपराध अनुसन्धान संगठन (ई.ओ.डब्ल्यू.) की डीजी नीरा रावत नें बताया कि ई.ओ.डब्ल्यू. नें छात्रवृत्ति घोटाले में पांच हजार के ईनामी यूपी के गाजीपुर कुंडीला के रहने वाले
दिनेश यादव को बीती सत्र जून को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा खाद्यान घोटाले के आरोपी दयाराम विश्वकर्मा निवासी चंदौली जिले के शहाब गंज को गिरफ्तार कर चुकी है। यह बीडीओ बसडीह थे इन्होने एसजीआरवाई के तहत खाद्यान घोटाले को अंजाम दिया।डीजी ई.ओ.डब्ल्यू. नीरा रावत नें बताया कि बैंक लोन धोखाधड़ी में गौतमबुद्ध नगर के सेक्टर 62 नोयडा के रहने वाले सत्यदेव सिंह को अभी हाल ही में गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा इन्वेस्टमेंट फ्राड में लखनऊ के चिनहट के ओमेगा ग्रीन अपार्टमेंट के रहने वाले अनिल कुमार तिवारी को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके अलावा अल्पसंख्यक विभाग के छात्रवृति घोटाले में हाथरस के अर्जुनपुर खाश के रहने वाले पवन कुमार उर्फ़ बंटी को भी गिरफ्तार किया जा चुका है। डीजी ई.ओ.डब्ल्यू. नें बताया कि गेहूं खरीद घोटाले में श्रावस्ती के ग्राम तेंदुआ के मोती लाल यादव व राजकुमार गुप्ता तथा सच्चिदानंद शुक्ला पकड़े जा चुके है।वही मल्टी रजिस्ट्रेशन भूमि घोटाले में गोंडा जिले में लालितेश कुमार व रामशंकर व परागदत्त तिवारी व रघुनाथ को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके अलावा ई.ओ.डब्ल्यू. मल्टी इन्वेस्टमेंट फ्राड में गुरुनाम सिंह व पोंजी स्कैम में प्रेम प्रकाश सिंह को गिरफ्तार कर चुकी है।
ई.ओ.डब्ल्यू. की डीजी नीरा रावत नें बताया कि स्पेशल ड्राइव में बीते पंद्रह दिनों में यह गिरफ्तारिया हुई है। उन्होंने कहा कि इन अपराधियों को सजा दिलाने के लिए भी टीमें सक्रिय हो गईं है। वही विवेचनाओं में गति लाने के लिए मंथली टारगेट तय किये गये है।जिसमें विवेचक और सेक्टर अफसरों को अवार्ड दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि आर्थिक अपराध के प्रति लोगो को जागरूक किया जायेगा। ताकि आर्थिक अपराधी सफल न हो सके।
आर्थिक अपराधी की समय से दे सूचना,जारी हुआ हेल्पलाइन नम्बर-डीजी नीरा रावत
ई.ओ.डब्ल्यू. की डीजी नीरा रावत कहती है कि आर्गनाइज क्राइम में लिप्त लोगो पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी उन्हें किसी भी कीमत पर कोई छूट नहीं दी जाएगी । आर्थिक अपराध और अपराधी के बारे में सूचना देने के लिए हेल्पलाइन नम्बर-9454458100 जारी किया गया है। लोगो से अपील है कि वह इस पर अधिक से अधिक सूचना दे। सूचना पर तत्काल कड़ी कार्रवाई की जायेगी।साथ ही मिली सूचना गोपनीय रहेगी।उन्होंने कहा कि यदि सूचना उन्हें समय से मिलती है तो उन्हें इन अपराधियों पर कार्रवाई करने में आसानी होगी।
