- REPORT BY:A.S.CHAUHAN || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS
लखनऊ: सरोजनीनगर थाना क्षेत्र में तैनात सीआईएसएफ जवान बोम्माली वम्सी के साथ धोखाधड़ी का मामला सामने आया है।
वम्सी, जो अमौसी हवाई अड्डे पर सीआईएसएफ यूनिट में आरक्षक के पद पर कार्यरत हैं, थाना सरोजनीनगर में शिकायत दर्ज कराई है कि उनका मोबाइल फोन गुम होने के बाद उनके बैंक खाते से 55,700 रुपये की अवैध निकासी की गई।वम्सी ने अपनी शिकायत में बताया कि 2 जनवरी 2025 को यूनिट कैंटीन से बैरक जाते समय उनका मोबाइल फोन (IMEI नंबर: 860679064249014) उनकी पैंट की जेब से गिर गया। उन्होंने अपने साथी के फोन से अपने नंबर (91009XXXXX) पर कॉल किया, जिसे एक अज्ञात व्यक्ति ने उठाया और फोन वापस करने का आश्वासन दिया। इसके बाद फोन स्विच ऑफ कर दिया गया। वम्सी ने तुरंत उत्तर प्रदेश पुलिस की वेबसाइट पर फोन गुम होने की शिकायत दर्ज की।अगले दिन, 3 जनवरी 2025 को, जब उन्होंने अपने SBI खाते (खाता नंबर: 422595XXXXX) का स्टेटमेंट चेक किया, तो पाया कि उनके खाते से 20,000, 20,400 और 15,300 रुपये की कुल 55,700 रुपये की निकासी हो चुकी थी। इसके बाद उन्होंने हजरतगंज साइबर सेल में शिकायत (CCN नंबर: 41/25) दर्ज की, लेकिन अभी तक न तो उनका फोन बरामद हुआ है और न ही पैसे वापस मिले हैं।
शराब पिलाकर धोखे से जमीन की रजिस्ट्री कराने का मामला,महिला ने सहायक पुलिस आयुक्त से लगाई न्याय की गुहार
तहसील सरोजनीनगर क्षेत्र में एक गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है, जिसमें एक महिला ने अपने पति के साथ हुई ठगी
की शिकायत सहायक पुलिस आयुक्त, कृष्णानगर, लखनऊ से की है। जयश्री, पत्नी प्रेम शंकर, निवासी ग्राम कढ़ाईट गांव, परगना काकोरी, ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि उनके पति को शराब पिलाकर और पैसे का लालच देकर उनकी पैतृक जमीन की फर्जी रजिस्ट्री करा ली गई। यह जमीन उनकी परिवार की आजीविका का एकमात्र साधन थी।
जयश्री के अनुसार 04.04.2024 को अभिषेक शील श्रीवास्तव, पुत्र विष्णु श्रीवास्तव, निवासी गायत्री नगर, देवपुर पारा, राजाजीपुरम, लखनऊ, ने उनके पति को शराब पिलाकर बहला-फुसलाया और उनकी जमीन (खसरा नंबर 658, 659, 660, 662, 663, 664, 665, 666, 667, 668, और 707, कुल 11 किता) की रजिस्ट्री फर्जी तरीके से करा दी। यह रजिस्ट्री सुनिता नगीना प्रसाद (पुणे, महाराष्ट्र), शिव कुमारी, अंकित कुमार गुप्ता, और संतोष कुमार प्रसाद (सभी सिवान, बिहार) के नाम 04.04.2024 को, तथा विनोद कुमार, पुत्र महेश प्रसाद (लखनऊ) के नाम 08.04.2024 को कराई गई। इसके अतिरिक्त, खसरा नंबर 664 की फर्जी रजिस्ट्री संजीवन लाल के नाम भी की गई।
जयश्री ने बताया कि उन्हें इस धोखाधड़ी की जानकारी तब हुई, जब उन्होंने जमीन के कागजात देखे। जब उन्होंने अभिषेक शील श्रीवास्तव से इस बारे में पूछताछ की, तो उन्हें धमकी दी गई और गालियां देते हुए कहा गया, जो करना है कर लो, न जमीन मिलेगी, न पैसा।” इतना ही नहीं, अभिषेक और विनोद कुमार ने मिलीभगत कर इस जमीन को अन्य लोगों को भी बेच दिया, जिससे मामला और जटिल हो गया। पुलिस मामला दर्ज कर मामले की जांच पड़ताल कर रही है।
जयश्री ने अपने शिकायती पत्र में सहायक पुलिस आयुक्त से इस प्रकरण की गहन जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यह जमीन उनके परिवार की पैतृक संपत्ति है और उनकी आजीविका का एकमात्र साधन है। इस घटना से वह और उनका परिवार आहत और चिंतित है।
सरोजनीनगर में मोटरसाइकिल और ई-रिक्शा की बैटरी चोरी
सरोजनीनगर थाना क्षेत्र के गौरी गांव में एक चोरी की घटना सामने आई है। स्थानीय निवासी शैलेंद्र सिंह, पुत्र स्व. शिवनाथ सिंह, ने थाना प्रभारी सरोजनीनगर को दिए अपने शिकायती पत्र में बताया कि 4 जुलाई 2025 को उनकी मोटरसाइकिल हीरो स्प्लेंडर (UP32NS7428) और ई-रिक्शा उनके घर के बाहर खड़े थे। अगले दिन सुबह, 5 जुलाई 2025 को जब उन्होंने देखा तो दोनों वाहनों की बैटरी अज्ञात चोरों द्वारा चुरा ली गई थी। थाने की पुलिस रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हवाई अड्डे पर पकड़ा गया प्रतिबंधित देश यमन की यात्रा करने वाला यात्री
सरोजनीनगर में चौधरी चरण सिंह अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे, ब्यूरो ऑफ इमीग्रेशन (बीओआई) के अधिकारियों ने एक भारतीय यात्री
को पकड़ा है, जिसने भारत सरकार द्वारा प्रतिबंधित देश यमन की यात्रा की थी। यात्री की पहचान इरशाद जमा, पुत्र आसिफ जमा, निवासी हाउस नंबर-132, काजीपुर कला, पोस्ट बड़े काजीपुर, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई है।13 जुलाई 2025 को जब इरशाद जमा (पासपोर्ट नंबर X6091774, जन्म तिथि 15/09/1986) सऊदी एयरलाइन की उड़ान संख्या SV 892 से जेद्दा से लखनऊ पहुंचे। इमीग्रेशन काउंटर A-27 पर तैनात कनिष्ठ इमीग्रेशन अधिकारी आलोक कुमार सिंह ने पासपोर्ट जांच के दौरान पाया कि यात्री के पासपोर्ट में यमन का वीजा लगा हुआ था। पूछताछ में यात्री ने स्वीकार किया कि उसने यमन की यात्रा की थी, जो भारत सरकार के राजपत्र संख्या 2822, दिनांक 3 अक्टूबर 2017 के तहत भारतीय नागरिकों के लिए प्रतिबंधित है।आलोक कुमार सिंह ने इस संबंध में थाना सरोजनी नगर के थानाध्यक्ष को एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है।
लखनऊ-कानपुर हाईवे पर ट्रैफिक जाम और अवैध वसूली का खेल
-बंथरा में प्रशासन की नाकामी उजागर, जुनाबगंज चौराहे पर नो एंट्री का उल्लंघन, अवैध वसूली का चल रहा खुला खेल
बनी से नादरगंज तक बन रहे एलिवेटेड एक्सप्रेसवे के निर्माण कार्य के कारण लखनऊ-कानपुर हाईवे पर आए दिन ट्रैफिक जाम
की समस्या बनी हुई है। इस समस्या के समाधान के लिए मंडल आयुक्त और जिलाधिकारी, लखनऊ ने बनी, कटी बगिया, जुनाबगंज, शिवपुरा, बंथरा कस्बा, बंथरा हनुमान मंदिर, और थाना बंथरा के सामने से जुड़े बंथरा-बिजनौर मार्ग सहित कई स्थानों का मौका मुआयना किया था। इसके बाद ट्रैफिक नियंत्रण के लिए ट्रैफिक पुलिस को तैनात किया गया, लेकिन इसके बावजूद स्थिति सुधरने के बजाय और बिगड़ती नजर आ रही है।
ट्रैफिक पुलिस पर वाहन चालकों से अवैध वसूली का गंभीर आरोप लग रहा है, जिससे स्थानीय लोग और राहगीर बुरी तरह परेशान हैं।जुनाबगंज चौराहे पर भारी वाहनों के लिए नो एंट्री का नियम लागू होने के बावजूद, ट्रैफिक पुलिस द्वारा कथित तौर पर मनमानी राशि वसूल कर भारी वाहनों को प्रवेश दिया जा रहा है। इसकी वजह से हाईवे पर जाम की स्थिति बनी रहती है।
सोमवार को दोपहर 12:05 बजे बंथरा कस्बे में पोस्ट ऑफिस के पास एक कंटेनर को कानपुर से लखनऊ की ओर जाते समय बीच सड़क पर रोक लिया गया। ट्रैफिक सिपाही और दरोगा ने कंटेनर के कागजात जांचने के बहाने वाहन को रोका, जिसके चलते लंबा जाम लग गया। कागजात जांचने के बाद सिपाही ने कंटेनर की फोटो खींची और फिर क्लीनर के साथ बातचीत कर मामला “सेटल” कर लिया गया, जिसके बाद कंटेनर को आगे जाने की अनुमति दी गई।
यह घटना इस बात का स्पष्ट प्रमाण है कि नो एंट्री नियमों का खुलेआम उल्लंघन हो रहा है।कटी बगिया से बंथरा तक अवैध वसूली का सिलसिला कटी बगिया से बंथरा तक हाईवे पर ट्रैफिक पुलिस द्वारा मोटरसाइकिल और चार पहिया वाहनों से कथित तौर पर जबरन अवैध वसूली का खेल चल रहा है। वाहन चालकों को दौड़ा-दौड़ा कर रोकने और उनसे पैसे वसूलने की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। इस अवैध वसूली के कारण न केवल राहगीर परेशान हैं, बल्कि क्षेत्र के संभ्रांत लोगों में भी भारी आक्रोश व्याप्त है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि ट्रैफिक पुलिस की यह हरकत न केवल उनके दैनिक जीवन को प्रभावित कर रही है, बल्कि हाईवे पर जाम की स्थिति को और गंभीर बना रही है।प्रशासनिक उपाय नाकाम, समाधान की मांग, मंडल आयुक्त और जिलाधिकारी द्वारा किए गए मौका मुआयने के बाद ट्रैफिक पुलिस की तैनाती तो की गई, लेकिन यह उपाय नाकाम साबित हो रहा है। नो एंट्री नियमों का पालन न होने और अवैध वसूली की शिकायतों ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बंथरा हनुमान मंदिर तिराहे पर भी यातायात नियमों के उल्लंघन के खिलाफ अभियान चलाया गया था, जिसमें तमाम चालकों का चालान काटा गया था, लेकिन भारी वाहनों के मामले में नियमों का पालन नहीं हो रहा।स्थानीय लोगों और वाहन चालकों ने प्रशासन से इस अवैध वसूली और जाम की समस्या का तत्काल समाधान करने की मांग की है। उनका कहना है कि ट्रैफिक पुलिस की तैनाती से जाम की समस्या कम होने के बजाय और बढ़ रही है, । क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि जुनाबगंज चौराहे पर नो एंट्री नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए ।
लखनऊ-कानपुर हाईवे पर बनी से नादरगंज तक ट्रैफिक जाम की समस्या ने आम जनता का जीना मुहाल कर दिया है। प्रशासन द्वारा किए गए प्रयास अभी तक नाकाफी साबित हुए हैं। जुनाबगंज चौराहे पर नो एंट्री के उल्लंघन और ट्रैफिक पुलिस की मनमानी से न केवल जाम की समस्या बढ़ रही है, बल्कि जनता का विश्वास भी प्रशासन पर से उठता जा रहा है। अब देखना यह है कि मंडल आयुक्त और जिलाधिकारी इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए क्या ठोस कदम उठाते हैं।
तेज रफ्तार ट्रक ने संजय पाल को मारी टक्कर,मौत
बंथरा थाना क्षेत्र के ग्राम सभा बनी में बीती रात करीब ढाई बजे एक दुखद हादसा हुआ। संजय पाल (28 वर्ष) अपने दोस्त विवेक गुप्ता के साथ लखनऊ से कानपुर जा रहे थे। रास्ते बनी में प्रधान ढाबा के पास चाय पीने के लिए रुके हुए थे, तभी एक तेज रफ्तार ट्रक ने संजय पाल को टक्कर मार दी। इस हादसे में संजय पाल की मौके पर ही मौत हो गई।बंथरा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रक और उसके चालक को हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
हापुड़ में लेखपाल सुभाष मीणा की मृत्यु के विरोध में सरोजनीनगर तहसील में लेखपाल संघ का प्रदर्शन, मुख्यमंत्री को सौंपा मांग पत्र
हापुड़ जिले के धौलाना तहसील में लेखपाल सुभाष मीणा की मृत्यु के मामले में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने सोमवार को
सरोजनीनगर तहसील में विरोध प्रदर्शन किया। लेखपाल संघ सरोजनीनगर इकाई के अध्यक्ष सुधीर कुमार शर्मा के नेतृत्व में समस्त लेखपालों ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम एक मांग पत्र उप जिला अधिकारी, सरोजनीनगर को सौंपा। मांग पत्र में लेखपाल सुभाष मीणा की मृत्यु के लिए जिम्मेदार परिस्थितियों और अधिकारियों के कथित अपमानजनक व दमनात्मक व्यवहार की निंदा की गई।लेखपाल संघ ने आरोप लगाया कि कुछ अधिकारी सोशल मीडिया, प्रिंट मीडिया और जनता के बीच पब्लिसिटी पाने की होड़ में तहसील दिवस, थाना समाधान दिवस और ग्राम चौपाल जैसे आयोजनों में अधीनस्थ कर्मचारियों को सार्वजनिक रूप से अपमानित और दंडित करते हैं। इससे कर्मचारी तनाव और डिप्रेशन में नौकरी करने को मजबूर हैं। कार्य के दबाव और अधिकारियों के व्यवहार के कारण कर्मचारियों का स्वास्थ्य और पारिवारिक जीवन प्रभावित हो रहा है, साथ ही शासकीय कार्यों का आउटपुट भी अपेक्षित स्तर का नहीं रहता।लेखपाल संघ ने हापुड़ की घटना को गंभीर बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा इस मामले में उच्च स्तरीय जांच के आदेश से कर्मचारियों में न्याय की उम्मीद जगी है। संघ ने मांगे रखीं कि मृतक सुभाष मीणा के आश्रितों को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की जाए। मृतक के आश्रित को उनकी योग्यता के अनुसार सरकारी सेवा में नियुक्त किया जाए।जांच रिपोर्ट शीघ्र प्राप्त कर दोषी अधिकारियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जाए।सभी अधिकारियों को अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ मानवीय और सम्मानजनक व्यवहार करने के निर्देश जारी किए जाएं। लेखपाल संघ ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस घटना ने प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शी और संवेदनशील जांच प्रणाली की आवश्यकता को रेखांकित किया है।
बिजनौर नाले में मिला अज्ञात व्यक्ति का शव
बिजनौर कस्बे के मोहल्ला कहारन टोला में सोमवार शाम करीब 6 बजे एक नाले में अज्ञात व्यक्ति का शव मिलने से सनसनी फैल गई। थाना प्रभारी बिजनौर ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को नाले से बाहर निकाला गया।शव की प्रारंभिक जांच में पाया गया कि मृतक पुरुष, उम्र लगभग 30 वर्ष, नीली हाफ बाजू की टी-शर्ट और काला लोअर पहने हुए था। शव की हालत देखकर अनुमान लगाया जा रहा है कि यह तीन से चार दिन पुराना हो सकता है। शव सड़ चुका है, उसकी खाल शरीर से अलग हो रही है और तेज दुर्गंध आ रही है। शव पर कोई स्पष्ट चोट के निशान नहीं मिले हैं। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों से शव की शिनाख्त कराने का प्रयास किया, लेकिन पहचान नहीं हो सकी। शव को पंचायतनामा की कार्रवाई के बाद पोस्टमार्टम और शिनाख्त के लिए मोर्चरी भेज दिया गया है। पुलिस शव की पहचान के लिए प्रयास कर रही है और नियत समय के बाद पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
