-विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने निकाला ड्रा, 41 टीमें होंगी शामिल
- REPORT BY:A.S.CHAUHAN || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS
लखनऊ। सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग के 8वें चरण और सांसद खेल महोत्सव के तहत इंटर स्कूल एवं इंटर क्लब फुटबॉल टूर्नामेंट का आगाज
3 नवम्बर से होगा। शनिवार को विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह के आशियाना आवास पर आयोजित ड्रा एवं फिक्सचर मीट में 41 टीमों (22 इंटर स्कूल एवं 19 इंटर क्लब) के मैचों का शेड्यूल तय किया गया। टूर्नामेंट का शुभारंभ 3 नवम्बर को सुबह 11 बजे कानपुर रोड स्थित जय जगत पार्क में राज्यसभा सांसद दिनेश शर्मा की मौजूदगी में होगा।डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा, “खेल केवल प्रतियोगिता नहीं, जीवन का प्रशिक्षण हैं। यह अनुशासन, टीम भावना और आत्मविश्वास सिखाते हैं। खेल जातिवाद, भाषावाद व क्षेत्रवाद से ऊपर उठकर एकता का संदेश देते हैं।” उन्होंने बढ़ती स्वास्थ्य समस्याओं और सामाजिक विभेद पर चिंता जताते हुए खेलों को फिटनेस व एकजुटता का माध्यम बताया।तीन वर्ष पूर्व शुरू हुई सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग अब लखनऊ की सबसे बड़ी खेल प्रतिस्पर्धा बन चुकी है। अब तक 7 चरणों में क्रिकेट, फुटबॉल, वॉलीबॉल, बास्केटबॉल आदि टूर्नामेंट आयोजित हो चुके हैं, जिनमें 10,000 से अधिक युवाओं ने भाग लिया।
कथावाचक निग्रहाचार्य सहयोगी पर धोखाधड़ी- का आरोप
श्री रामचरितमानस जन कल्याण समिति, आलमबाग ने झारखंड के प्रसिद्ध कथावाचक स्वामी श्री निग्रहाचार्य महाराज (बोकारो) और उनके मीडिया प्रभारी बृजेश कुमार पांडे (मो. 9430399777 / 7004776780) पर गंभीर आरोप लगाये है। समिति का दावा है कि 7 से 15 दिसंबर 2025 को तुलसी पार्क, आलमबाग में आयोजित होने वाली श्रीमद् देवी भागवत कथा को एकतरफा रद्द कर, लोगों की आस्था के साथ धोखाधड़ी और समिति सदस्यों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया।
मुख्य आरोप
जून 2025 में लिखित सहमति: समिति के 5 वरिष्ठ सदस्यों (कोषाध्यक्ष छोटेलाल गुप्ता, पूर्व महामंत्री ए.एन. तिवारी, वर्तमान महामंत्री अमितोष द्विवेदी, प्रो. अनुप मिश्रा, राम सिंगर) ने शुक्लागंज (उन्नाव) में महाराज जी से मुलाकात कर ₹1,10,000 में कथा तय की और टोकन मनी नगद दी।
प्रचार शुरू, फिर रद्द
पर्चे छपवाए, बैनर-पोस्टर लगाए गए, लेकिन बृजेश पांडे ने बार-बार तारीखें बदलने और नए नियम थोपने की कोशिश की।
अभद्रता और धमकी
पूछताछ पर महाराज जी के आचार्य ने फोन काटा, बृजेश पांडे ने अपशब्द कहे और बोले – “जाओ जो करना है कर लो, हमारा कुछ नहीं बिगड़ेगा”।
राशि लौटाई, कथा रद्द
₹12,500 किराया वापस कर एकतरफा कैंसिल कर दिया।
