• 02 शातिर ठग गिरफ्तार, ₹6.32 लाख नकद, 11 मोबाइल फोन, 12 एटीएम कार्ड, विदेशी सिम कार्ड, चेकबुक, कैश काउंटिंग मशीन एवं स्कॉर्पियो वाहन बरामद,पूर्व में भी 04 शातिर आरोपी हो चुके है गिरफ्तार
- REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK
लखनऊ :यूपी के आजमगढ़ पुलिस ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संचालित एक साइबर ठगी गिरोह का खुलासा करते हुए दो शातिर आरोपियों को राजधानी के गुडंबा थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया है , जिनके कब्जे से भारी मात्रा में नकदी, मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड, विदेशी सिम कार्ड, बैंक से संबंधित दस्तावेज, मोहर तथा एक स्कॉर्पियो वाहन बरामद किया है।पकडे गये अभिषेक गुप्ता शाश्वत अवस्थी , निवासी – संजय गांधी पुरम, फैजाबाद रोड, इंदिरा नगर, लखनऊ के पास से ₹ 6,32,320/- नकद,11 मोबाइल फोन,12 ATM कार्ड (विभिन्न बैंकों के), 09 चेकबुक,02 पासबुक,01 आधार कार्ड,01 कैश काउंटिंग मशीन,01 स्कॉर्पियो वाहन (UP32 QC 8600),01 विदेशी सिम कार्ड (नेपाल देश से जारी सिम), 01 मोहर,साइबर अपराध से संबंधित डिजिटल साक्ष्य (टेलीग्राम ग्रुप, चैट, डेटा) बरामद किया ।
गिरफ्तार अभिषेक गुप्ता व शाश्वत अवस्थी टेलीग्राम आईडी LEE COOPER, SIMBA (A WATSON) व Nobita के माध्यम से चीनी साइबर अपराधियों के संपर्क में रहकर कार्य कर रहे थे,ठगी की धनराशि भारतीय बैंक खातों में ट्रांसफर कराई जाती थी, ATM व चेक के माध्यम से नकद निकासी की जाती थी,निकाली गई राशि को USDT (क्रिप्टो करेंसी) में परिवर्तित कर चीनी हैंडलरों को भेजा जाता था,आरोपी अभिषेक गुप्ता द्वारा अब तक लगभग कुल 10–15 करोड़ रुपये की धनराशि को USDT (क्रिप्टो करेंसी) में परिवर्तित कर चीनी हैंडलरों को भेजा जा चुका है।खाताधारकों को कमीशन देकर उनके खातों का दुरुपयोग किया जाता था,आरोपियों को प्रतिशत के आधार पर कमीशन प्राप्त होता था,यह एक संगठित अंतर्राष्ट्रीय साइबर अपराध नेटवर्क है।अपनी पहचान छिपाने के लिए आरोपी वर्चुअल नंबर, फर्जी सिम टेलीग्राम ग्रुप का प्रयोग करते थे।
आजमगढ़ पुलिस की जनसामान्य से अपील
आजमगढ़ पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात लिंक, APK फाइल, टेलीग्राम/व्हाट्सएप पर प्राप्त लालचपूर्ण प्रस्तावों से सावधान रहें। साइबर अपराध की सूचना तत्काल 1930 या नजदीकी थाना / साइबर क्राइम थाना को दें। आम जनता से अपील है कि किसी भी अनजान व्यक्ति को अपना बैंक खाता कमीशन के लालच में इस्तेमाल न करने दें।
