सरोजनीनगर:तारा शक्ति निःशुल्क रसोई ने पूरे किए सेवा के दो वर्ष,क्लिक करें और भी खबरें

-प्रतिदिन 4,000 जरूरतमंदों को परोसा जाता है भोजन

  • REPORT BY:A.S.CHAUHAN || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS

लखनऊ।सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह द्वारा संचालित तारा शक्ति निःशुल्क रसोई ने अपनी सेवा यात्रा के दो वर्ष पूर्ण कर लिए। इस अवसर पर डॉ. सिंह ने सभी सहयोगियों और सरोजनीनगर परिवार का आभार व्यक्त करते हुए इसे सामाजिक संवेदना और मानवीय करुणा का प्रतीक बताया। शुक्रवार को डॉ. सिंह की मां स्व.  तारा सिंह की पुण्य स्मृति में शुरू हुई यह रसोई, वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना के करकमलों से प्रारंभ हुई थी। डॉ. सिंह ने कहा, “मेरी मां की इच्छा थी कि कोई भी गरीब या असहाय भूखा न सोए। उनकी प्रेरणा से शुरू हुई यह रसोई आज आशा, विश्वास और आत्मसम्मान का प्रतीक बन चुकी है।पिछले 730 दिनों से निर्बाध रूप से चल रही इस रसोई में प्रतिदिन 4,000 से अधिक जरूरतमंदों को शुद्ध और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। लोकबंधु अस्पताल, पराग चौराहा जैसे स्थानों पर मरीज, उनके परिजन, दिहाड़ी मजदूर, रिक्शा चालक और राहगीर भोजन प्राप्त करते हैं। सर्दी, गर्मी या बारिश, किसी भी मौसम में यह सेवा बिना रुके जारी रहती है।

रेलवे में नौकरी के नाम पर 99,927 रुपये ठगे

बन्थरा थाना क्षेत्र में रहने वाले पवन कुमार उपाध्याय को साइबर ठगों ने रेलवे में नौकरी दिलवाने के बहाने 99,927 रुपये की ठगी का शिकार बनाया। पवन, मूल रूप से बस्ती जिले के निवासी, ने बताया कि अज्ञात व्यक्ति ने फोन (76107XXXXX और 86073XXXXX) के जरिए संपर्क कर नौकरी के लिए आईडी, यूनिफॉर्म, GST और अन्य शुल्क के नाम पर 10 बार में राशि ऑनलाइन ट्रांसफर करवाई। पैसे यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के खाते से ट्रांसफर किए गए, जिसमें रीना बीबी (79826XXXXX) का नाम दिखा। ठगी का अहसास होने पर पवन ने लखनऊ में शिकायत (संख्या 3169) दर्ज की और बन्थरा थाने में FIR दर्ज करने की मांग की।

सरोजनीनगर तहसील में दलालों का बोलबाला, उठ रहे सवाल

राजधानी के सरोजनीनगर तहसील में प्रशासनिक व्यवस्था चरमराती नजर आ रही है। स्थानीय लोगों, राजनीतिक कार्यकर्ताओं और संभ्रांत वर्ग में तहसील के कामकाज को लेकर भारी आक्रोश व्याप्त है।लोगों का  आरोप है कि तहसील दलालों का अड्डा बन चुकी है, जहां आम जनता की समस्याओं को अनसुना किया जा रहा है।  स्थानीय निवासियों का कहना है कि तहसील में अपनी समस्याओं के समाधान के लिए पहुंचने वाले फरियादियों को निराशा ही हाथ लग रही है। शिकायत यह भी है कि एसडीएम आम जनता के फोन कॉल्स तक नहीं उठाते। कई लोग घंटों तहसील के चक्कर काटने को मजबूर हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही। तहसील की इस स्थिति से न केवल आम जनता, बल्कि राजनीतिक कार्यकर्ता और संभ्रांत लोग भी नाराज हैं। उनका कहना है कि तहसील में दलालों का वर्चस्व इस कदर बढ़ गया है कि बिना उनकी मध्यस्थता के कोई काम नहीं हो रहा।बतादे कि सरोजनीनगर तहसील पहले भी विवादों में रही है। 2022 में यहां जमीन घोटाले का मामला सामने आया था, जिसके बाद तहसीलदार का तबादला कर दिया गया था। हाल ही में एक लेखपाल के मामले में लेखपालों का धरना भी चर्चा में रहा, जो एसडीएम के आश्वासन के बाद स्थगित हुआ। क्षेत्र के लोग मांग कर रहे हैं कि तहसील में पारदर्शी और जनहितैषी प्रशासन सुनिश्चित किया जाए। उनका कहना है कि दलालों का प्रभाव खत्म करने और आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान करने के लिए उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए।

पुलिस उपायुक्त दक्षिणी ने थाना बंथरा का किया निरीक्षण,विवेचनाओं के शीघ्र निस्तारण के दिए निर्देश

शुक्रवार को पुलिस उपायुक्त (दक्षिणी) निपुण अग्रवाल ने थाना बंथरा का दौरा कर स्थानीय व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाने पर लंबित विवेचनाओं की समीक्षा की और अधिकारियों को इनके शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए।पुलिस उपायुक्त ने महिला हेल्प डेस्क, मालखाना और अभिलेखों का भी जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को व्यवस्थाओं को और बेहतर करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।इस अवसर पर थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिस कर्मी मौजूद रहे। पुलिस उपायुक्त ने जोर देकर कहा कि जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान और थाने की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए।

Aaj National

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