LUCKNOW:आत्महत्या करने जा रहे युवक की पुलिस नें दस मिनट में बचाई जान

-डीजीपी राजीव कृष्णा के निर्देश पर लखनऊ से इटावा तक सक्रिय हुए अफसर

  • REPORT BY:AAJ NATIONAL NEWS || EDITED BY:AAJ NATIONAL NEWS DESK 

लखनऊ। यूपी के इटावा जिले में आत्महत्या करने जा रहे युवक को मेटा से अलर्ट मिलने के बाद डीजीपी के निर्देश पर पुलिस नें मात्र 10 मिनट के अन्दर मौके पर पहुँच कर युवक की जान को बचाया।साथ ही उससे दोबारा इस तरह की घटना न करने का वचन भी लिया ।

डीजीपी राजीव कृष्णा के जनसम्पर्क अधिकारी राहुल श्रीवास्तव नें बताया कि इटावा के थाना सिविल लाइन निवासी लगभग 23 वर्षीय युवक नें नहीं रहूँगा आज मै, मेरी मम्मी को संभाल लेना, उनको ज्यादा दु:ख होगा, बाबा आज वो यह सोच रही होगी कि मै मजाक कर रहा हूँ, मै रेल की पटरी पर बैठा हूँ मरने के लिए, मेरे मरने के बाद उसे हैप्पी रखना, आई एम वैरी सीरियस यह टेक्स्ट लिखकर इंस्टाग्राम पर पोस्ट किया।इस पोस्ट का अध्ययन कर मेटा कंपनी नें मुख्यालय पुलिस महानिदेशक स्थित सोशल मीडिया सेन्टर को ई-मेल भेज कर अलर्ट किया। उन्होंने बताया कि अलर्ट को डीजीपी को बताया गया। उन्होंने तत्काल कड़े निर्देश दिये। जिसके बाद मुख्यालय की सोशल मीडिया सेन्टर की टीम नें मोबाइल नम्बर के आधार पर तत्काल युवक की लोकेशन की जानकारी करके जनपद इटावा पुलिस को प्रकरण से अवगत कराया।

डीजीपी राजीव कृष्णा के जनसम्पर्क अधिकारी राहुल श्रीवास्तव नें बताया कि सूचना एवं लोकेशन पर इटावा के थाना सिविल लाइन के उप निरीक्षक पुलिस कर्मियों के साथ मात्र 10 मिनट के अंदर युवक के घर पहुंच कर जानकारी की तो ज्ञात हुआ कि युवक घर से निकल चुका था ।पुलिसकर्मी तत्काल रेलवे ट्रैक की तरफ दौड़े । पुलिस कर्मियों को कुछ दूरी पर एक युवक रेलवे ट्रैक की तरफ जाता हुआ दिखाई दिया । पुलिसकर्मी अविलम्ब उस युवक के पास पहुंचे तथा उसको रोक कर, समझा बुझाकर घर वापस ले आये। युवक के सामान्य होने पर, पुलिस कर्मियों नें उससे जानकारी की तो उसनें बताया कि वह आगरा का रहने वाला है और यहाँ किराये के मकान में रहकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहा है ।

डीजीपी राजीव कृष्णा के जनसम्पर्क अधिकारी राहुल श्रीवास्तव नें बताया कि खर्चे के लिए धन प्राप्ति का कोई स्रोत नहीं होने के कारण उसको घर से ही पैसे मंगवाने पड़ते हैं । उसके पास किराया देने के लिए भी पैसे नहीं हैं । आर्थिक तंगी के कारण उसके मन में आत्महत्या का विचार आया और उसके द्वारा यह कदम उठाया गया । स्थानीय पुलिस नें समय से पहुँच कर युवक को आत्महत्या करने से रोका एवं काउन्सलिंग की गयी।जिस पर युवक नें भविष्य में ऐसी गलती नहीं करने का आश्वासन दिया । युवक के परिजनों नें थाने के पुलिसकर्मियों की तत्परता और सहयोग के लिए उ0प्र0 पुलिस को धन्यवाद दिया।

उत्तर प्रदेश पुलिस नें अब तक की 1335 व्यक्तियों के प्राणों की रक्षा 

डीजीपी के जनसम्पर्क अधिकारी राहुल श्रीवास्तव नें बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस एवं मेटा कम्पनी के मध्य 2022 से प्रचलित व्यवस्था के तहत यदि कोई भी व्यक्ति फेसबुक अथवा इंस्टाग्राम पर आत्महत्या करने की पोस्ट करता है तो ऐसी पोस्ट को लेकर मेटा कम्पनी उत्तर प्रदेश पुलिस को ई-मेल एवं फोन के माध्यम से अलर्ट भेजकर सूचित किया जाता है ।बीती एक जनवरी 2023 से 31 अगस्त 2025 के मध्य आत्महत्या संबंधी पोस्ट पर प्राप्त अलर्ट का संज्ञान लेकर कुल 1335 व्यक्तियों के प्राणों की रक्षा उत्तर प्रदेश पुलिस नें की है ।

Aaj National

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